जबलपुर। शहर के गजरथ नगर गंगानगर निवासी एक निर्धन ई-रिक्शा चालक से नया बिजली कनेक्शन देने के नाम पर 10 हजार की अवैध राशि मांगने वाले साउथ डिविजन पूर्व बिजली कार्यालय के लाइनमैन अरुण विश्वकर्मा को तुरंत निलंबित कर दिया गया है। यह कार्रवाई आज एक शिकायत के बाद हुई है। शहर जिला कांग्रेस अध्यक्ष सौरभ नाटी शर्मा ने अधीक्षण अभियंता, शहर पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी लिमिटेड, जबलपुर के सामने ऑडियो रिकॉर्डिंग और साक्ष्यों के साथ मामला रखा था। विभाग ने साक्ष्यों पर तत्काल कदम उठाते हुए लाइनमैन पर निलंबन की कार्रवाई की।
पूरे तंत्र की जवाबदेही तय होनी चाहिए
विभागीय कर्मचारियों के इस रवैये पर कांग्रेस ने गहरा आक्रोश व्यक्त किया है। पार्टी का कहना है कि यह मामला केवल एक कर्मचारी को सस्पेंड करने से समाप्त नहीं होता। इस प्रकरण की निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जांच कराई जानी चाहिए ताकि यह स्पष्ट हो सके कि अवैध वसूली के इस नेटवर्क में कोई अन्य अधिकारी या सहकर्मी शामिल है या नहीं। वैध सरकारी काम के लिए गरीब व्यक्ति से रिश्वत मांगना बेहद गंभीर विषय है और विभाग के पूरे निगरानी तंत्र की जिम्मेदारी निर्धारित होना बेहद आवश्यक है। ऑडियो रिकॉर्डिंग सहित दिए गए सभी साक्ष्यों की फोरेंसिक और तकनीकी जांच करके दोष सिद्ध होने पर आरोपी कर्मचारी के खिलाफ कठोरतम कानूनी कदम उठाए जाएं। इसके साथ ही शहर के अन्य बिजली दफ्तरों की कार्यप्रणाली की समीक्षा भी बेहद जरूरी है, जिससे यह पता चले कि कहीं अन्य स्थानों पर भी सामान्य नागरिकों को इसी प्रकार परेशान तो नहीं किया जा रहा है।
पारदर्शी व्यवस्था के लिए संघर्ष जारी रहेगा
बिजली हर नागरिक की जीवन से जुड़ी बुनियादी जरूरत है। किसी भी उपभोक्ता से उसके काम के एवज में गैर-कानूनी रुपयों की मांग स्वीकार नहीं की जा सकती। गरीब और सामान्य उपभोक्ताओं की जेब पर डाका डालने वाली किसी भी व्यवस्था का कांग्रेस पुरजोर विरोध करेगी। विभाग को अपने दफ्तरों में पूरी तरह पारदर्शी और भ्रष्टाचारमुक्त व्यवस्था लागू करनी होगी जिससे आम जनता को बिना किसी बाधा के सुविधाएं मिल सकें। शिकायत दर्ज कराने के दौरान संगठन महासचिव रितेश गुप्ता, प्रवक्ता प्रवेंद्र चौहान, जन समस्या निवारण प्रकोष्ठ अध्यक्ष अनुज श्रीवास्तव, ब्लॉक अध्यक्ष मेवा लाल पटेल, हुकुम जैन, रितेश नोतनानी, कैलाश ठाकुर, अवधेश गुप्ता, पंकज निगम, संजय जैन, विशाल सोलंकी, भरत पटेल, विक्रम सिंह, राजकुमार सोनी, जग्गू जैन और मलखान पटेल सहित अनेक कांग्रेस कार्यकर्ता उपस्थित रहे। नेताओं ने एक स्वर में कहा कि यह संघर्ष केवल एक पीड़ित ई-रिक्शा चालक तक सीमित नहीं है, बल्कि उन सभी बिजली उपभोक्ताओं के अधिकारों की रक्षा के लिए है जो रोजाना दफ्तरों के चक्कर काटते हैं। उपभोक्ता अधिकारों के सम्मान के लिए यह आंदोलन आगे भी जारी रहेगा।
