बताया गया है है कि भगवत विश्वकर्मा के बेटे शुभम की 25 फरवरी को शादी थी, जिसके चलते भगवत हिंदू परंपरा के अनुसार शादी का पहला निमंत्रण भगवान को अर्पित किया जाता है। इसी रस्म को निभाने के लिए अपने छोटे बेटे शिवम, भांजी शीतल को मोटर साइकल में बिठाकर मंदिन जाने निकले थे। जब वे रीवा-रायपुर मार्ग पर कोष्ट गांव से आगे बढ़ रहे थे। इस दौरान पीछे से आई ऑडी कार के चालक ने टक्कर मार दी। कार की टक्कर लगते ही मोटर साइकल सहित तीनों सदस्य सामने की ओर गिरे, जिन्हे कुचलते हुए कार सवार निकल गया। हादसे को देख लोगों में चीख पुकार व अफरातफरी मच गई। देखते ही देखते लोगों की मौके पर भीड़ एकत्र हो गई। इस बीच कार चालक मौके से भाग निकला। खबर मिलते ही पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंच गए, जिन्होने पूछताछ के बाद कार चालक की सरगर्मी से तलाश शुरु कर दी है। हादसे की खबर मिलते ही परिवार के अन्य सदस्य पहुंच गए थे, जिन्होने भगवत व दोनों बच्चों को खून से लथपथ मृत हालत में देखा तो फूट-फूट कर रोए।