होटल संचालक अशोक मारू ने भुगतान से जुड़े यूपीआई ट्रांजैक्शन की जांच की तो जिस खाते से 600 की राशि आई थी। वह अशरफ खान नाम से थी। जबकि होटल में दर्ज पहचान हिंदू नाम चेतन प्रकाश की थी। इसी विरोधाभास के चलते होटल संचालक को संदेह हुआ। देर रात जब दोनों होटल लौटे तो होटल संचालक ने उनसे पूछताछ की। इस दौरान युवक के पास से एक और आधार कार्ड मिला। जिससे यह स्पष्ट हुआ कि उसने फर्जी पहचान के जरिए होटल में ठहरने की कोशिश की थी। इसके बाद होटल संचालक ने पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने उससे पूछताछ की और गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के अनुसार आरोपी की पहचान अशरफ खान निवासी जैसलमेर राजस्थान के रूप में हुई है। वह अपनी हिंदू गर्लफ्रेंड के साथ होटल राज में चेतन प्रकाश नाम के आधार कार्ड के जरिए रुका हुआ था। जांच में आरोपी के पास दो आधार कार्ड मिले। दोनों में फोटो तो एक ही था लेकिन नाम और पते अलग-अलग दर्ज थे। दोनों आधार कार्ड राजस्थान के बताए जा रहे हैं। खबर मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई और दोनों को थाने लाकर पूछताछ की। पुलिस ने आरोपी अशरफ के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता बीएनएस की धारा 318 (4) सहित अन्य संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है।
लैब टेक्नीशियन की परीक्षा देने आया था-
बताया जा रहा है कि अशरफ लैब टेक्नीशियन की परीक्षा देने के लिए श्रीजी कालेज अपनी गर्लफ्रेंड के साथ मंदसौर आया था। इसीलिए दोनों ने सुबह होटल राज में रूम लिया और परीक्षा देने चले गए। युवती राजस्थान के नागौर जिले की रहने वाली बताई जा रही है। दोनों जोधपुर के एक अस्पताल में नर्सिंग स्टाफ के रूप में काम करते हैं।