khabar abhi tak

डीआरएम आफिस की महिला रेलवेकर्मी से 36.72 लाख की ठगी, फर्जी ट्रेडिंग एप में मोटे मुनाफे के लालच में फंसी

 
भोपाल.
पमरे के भोपाल मंडल रेल प्रबंधक कार्यालय में पदस्थ एक महिला कर्मचारी के साथ शेयर मार्केट में मोटा मुनाफा कमाने के लालच में 36 लाख रुपये की साइबर ठगी हो गई। ठगों ने फर्जी शेयर मार्केट के फर्जी ट्रेडिंग एप में महिला कर्मचारी से निवेश करवा लिया और फिर जब रुपये निकालने की बारी आई तो ठगों ने संपर्क ही तोड़ दिया।

महिला ने जब वाट्सएप ग्रुप के सदस्यों को फोन करना शुरू किया तो सभी नंबर फर्जी निकले। ठगी का अहसास होने के बाद महिला ने ई-एफरआईआर दर्ज करा दी। पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज कर उनकी तलाश शुरू कर दी है।

पुलिस के अनुसार, 35 वर्षीय आंचल मिश्रा नाम की महिला हबीबगंज नाके के पास रेलवे कॉलोनी में रहती हैं और रेलवे में पदस्थ हैं। करीब एक महीने पहले सोशल मीडिया के माध्यम से वह ठगों के संपर्क में आई। महिला ने शेयर बाजार में निवेश करने की इच्छा जताई, जिसे भांपते हुए जालसाजों ने खुद को ट्रेडिंग एक्सपर्ट बताया। उन्होंने महिला को विश्वास दिलाया कि वे अलग-अलग कंपनियों में पैसा निवेश कराकर उन्हें कई गुना रिटर्न दिला सकते हैं।

झांसा देकर ग्रुप से जोड़ा, 36.72 लाख की ठगी

भरोसा जीतने के बाद आरोपियों ने महिला को एक वाट्सएप ग्रुप में जोड़ा। इस ग्रुप में पहले से ही कई सदस्य मौजूद थे, जो लगातार निवेश करने और भारी मुनाफा कमाने के मैसेज और स्क्रीनशाट साझा कर रहे थे। महिला को यह नहीं पता था कि यह पूरा ग्रुप ही फर्जी है और इसमें शामिल अधिकांश लोग ठगों के ही साथी हैं। ग्रुप में दी गई जानकारी और खातों के आधार पर महिला ने अलग-अलग किस्तों में कुल 36 लाख 72 हजार रुपये ट्रांसफर कर दिए।

दो दिन पहले धोखाधड़ी का खुलासा

धोखाधड़ी का खुलासा तब हुआ जब दो दिन पहले अचानक वाट्सएप ग्रुप पर गतिविधियां बंद हो गईं। जब महिला ने ग्रुप के अन्य सदस्यों को कॉल किया, तो कुछ नंबर बंद मिले, वहीं कुछ अन्य महिलाओं ने बताया कि वे गांव में रहती हैं और साधारण कीपैड फोन का इस्तेमाल करती हैं, उन्हें किसी ट्रेडिंग ग्रुप की जानकारी ही नहीं है। यह सुनकर महिला के होश उड़ गए और उन्हें समझ आ गया कि वे एक बड़े साइबर फ्राड का शिकार हो चुकी हैं।

Post a Comment

Previous Post Next Post
khabar abhi tak
khabar abhi tak
khabar abhi tak