khabar abhi tak

आधे उपभोक्ताओं का बिजली बिल हुआ 100 रुपये, सोलर पर 78 हजार की सब्सिडी भी खातों में पहुंची





विधायक की अध्यक्षता में मंथन, देहात की ट्रिपिंग रोकने और सुरक्षा पर कड़े निर्देश, जबलपुर बना पहला जिला जहां विद्युत समिति ने तय की जनहितैषी योजनाओं की दिशा

जबलपुर। पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के 24 जिलों में से जबलपुर में पहली बार आयोजित जिला स्तरीय विद्युत सलाहकार समिति की बैठक विधायक अशोक रोहाणी की अध्यक्षता में संपन्न हुई। इस महत्वपूर्ण बैठक में महापौर जगत बहादुर सिंह, नगर निगम अध्यक्ष रिंकू विज, पनागर नगर पालिका अध्यक्ष प्रदीप पटेल, राज्यसभा सांसद प्रतिनिधि श्यामसुन्दर यादव, विधायक प्रतिनिधि राजुल, अशासकीय सदस्य नवीन रिछारिया, रूपेश पटेल सहित अधीक्षण यंत्री सिटी संजय अरोरा तथा शहर व ग्रामीण वृत्त के सभी कार्यपालन और सहायक अभियंता मौजूद रहे। अधिकारियों ने वित्तीय वर्ष 2025-26 के आंकड़े साझा करते हुए बताया कि शहर के 73 प्रतिशत घरेलू उपभोक्ताओं को अटल गृह ज्योति योजना से छूट मिली, वहीं 49 प्रतिशत परिवारों को अधिकतम 100 रुपये का मासिक बिल जारी हुआ। श्री अरोरा ने सभी आंकड़े और तथ्य पेश किए और भरोसा दिलाया कि बिजली व्यवस्था को और बेहतर किया जाएगा। 

​त्योहारों में सुरक्षा और पंडाल कनेक्शन पर विचार

​बैठक में जनप्रतिनिधियों ने आने वाले पर्वों के दौरान पूरी सतर्कता बरतने की जरूरत बताई। उन्होंने कहा कि बिजली तंत्र और मैदानी अमला स्थानीय प्रशासन के साथ निरंतर तालमेल बनाए रखे, ताकि किसी भी क्षेत्र में करंट फैलने या आगजनी जैसी कोई अनहोनी न घटे। इसी क्रम में महापौर ने दुर्गा पूजा उत्सव समितियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए अस्थायी विद्युत कनेक्शन की राशि जरूरत के मुताबिक ही निर्धारित करने की बात रखी। उन्होंने बिजली अधिकारियों को पाबंद किया कि आयोजन संपन्न होने के बाद समितियों की शेष बची अमानत राशि को 15 दिनों के अंदर अनिवार्य रूप से उनके खातों में लौटा दिया जाए।

​योजनाओं का लेखा-जोखा पेश किया गया

​विद्युत अधिकारियों ने शहर में गति पकड़ रही आरडीएसएस विकास योजनाओं का ब्योरा सामने रखा गया। साथ ही केंद्र सरकार की प्रधानमंत्री सूर्य मुफ्त बिजली योजना पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए बताया गया कि छतों पर सोलर पैनल लगवाने वाले घरेलू उपभोक्ताओं को सीधे 78 हजार रुपये की सरकारी सब्सिडी दी जा रही है। विभाग ने इस वित्तीय वर्ष के दौरान स्वीकृत वर्क प्लान के तहत कराए गए तकनीकी सुधारों का लेखा-जोखा पेश किया। इसके साथ ही नए ट्रांसफार्मर लगाने, पुराने जर्जर तारों को बदलने और क्षमता विस्तार से जुड़े प्रस्तावित विकास कार्यों की रूपरेखा भी जनप्रतिनिधियों के समक्ष रखी गई ताकि शहर का बुनियादी ढांचा सुदृढ़ रहे।

​देहात में बार-बार बिजली गुल रोकना जरूरी

​ग्रामीण अंचलों से आए जन प्रतिनिधियों ने गांवों में लगातार होने वाली अघोषित बिजली कटौती और ट्रिपिंग की जमीनी हकीकत बयां की। उन्होंने अधिकारियों से स्पष्ट कहा कि खेतों और बस्तियों के ऊपर से गुजर रहे झूलते तारों को तत्काल तय सुरक्षा मानकों के अनुसार ऊंचा किया जाए। प्रतिनिधियों ने बताया कि कई जगहों पर ट्रांसफार्मर ओवरलोडिंग के कारण बार-बार फुंक रहे हैं, जिससे किसानों और आम बाशिंदों को भीषण परेशानी झेलनी पड़ रही है। उन्होंने वितरण कंपनी को ट्रांसफार्मरों की क्षमता बढ़ाने, तुरंत मरम्मत करने तथा देहाती इलाकों में निर्बाध आपूर्ति बहाल करने के लिए त्वरित एक्शन लेने को कहा।

Post a Comment

Previous Post Next Post
khabar abhi tak
khabar abhi tak
khabar abhi tak