जबलपुर। मध्यप्रदेश विद्युत परिवार हिंदी समिति और केन्द्रीय क्रीड़ा एवं कला परिषद के संयुक्त तत्वावधान में आज रामपुर स्थित कल्याण भवन में स्कूली विद्यार्थियों के लिए चित्रकला स्पर्धा के साथ 4 दिवसीय हिन्दी महोत्सव शुरू हुआ। समिति अध्यक्ष फिरोज कुमार मेश्राम, अतिरिक्त मुख्य अभियंता अनुराग नायक, संयोजक दीपक निगम, उपाध्यक्ष नितिन खत्री तथा परिषद सचिव महेश चन्द बलोदी की मौजूदगी में आयोजित इस कार्यक्रम में 350 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया। निर्णायक कार्टूनिस्ट राजेश दुबे रहे, जिन्हें शॉल, श्रीफल और सम्मान पत्र देकर सम्मानित किया गया। कक्षा 1 से 3, कक्षा 4 से 7 और कक्षा 8 से 10 तक के 3 वर्गों में बंटी इस प्रतियोगिता का संचालन सुरेश त्रिवेदी ने किया।
बच्चों ने पर्यावरण और प्रकृति के रंग उकेरे
प्रतिभागियों ने अपनी कूची से पर्यावरण, प्रकृति और हिन्दी भाषा के प्रचार-प्रसार से जुड़े सुंदर दृश्यों को पन्नों पर साकार किया। निर्णायक ने इस मौके पर कहा कि कला केवल रेखाओं और रंगों का मेल नहीं है, बल्कि मन के भावों को सबके सामने रखने का सबसे असरदार जरिया है। समिति के प्रमुख ने कला को भाषा की तरह मजबूत माध्यम बताते हुए कहा कि बच्चे ही हमारी संस्कृति की नींव हैं। मैदान में उतरे सभी 350 नन्हे कलाकारों को उनकी रचनात्मक भागीदारी के लिए प्रमाण पत्र दिए जाएंगे। इस पूरी स्पर्धा को व्यवस्थित ढंग से कराने में पराग मिश्रा, अंकुर चौरसिया, शशिकांत ओझा, इकबाल खान, अमर कुशवाहा, संजय आनंद, सुहास कोरडे, संजय पोल, क्रिस्टोफर नरोन्हा, गौरव शर्मा, रोहित कुशवाहा, राकेश यादव, राकेश स्वामी और घनश्याम राने का विशेष सहयोग रहा।
नाटक मंचन और प्रदर्शनियों के साथ होगा उद्घाटन
हिन्दी महोत्सव का औपचारिक उद्घाटन 15 सितंबर को दोपहर 3 बजे शक्तिभवन स्थित केन्द्रीय पुस्तकालय में होगा। इस मुख्य सत्र में मुख्य अतिथि के रूप में डा. दीप्ति पटेल उपस्थित रहेंगी। इसी दिन कार्यालयीन टीप प्रतियोगिता रखी गई है, जिसमें कर्मचारी अपनी कार्यक्षमता दिखाएंगे। समागम रंगमंडल द्वारा आशीष पाठक लिखित एवं निर्देशित और विनय शर्मा के एकल अभिनय वाला नाटक पापकार्न भी मंचित किया जाएगा। दर्शकों के लिए कार्टूनिस्ट राजेश दुबे के कार्टून और छायाकार अजय धाबर्डे के चित्रों की विशेष प्रदर्शनी लगाई जाएगी। इसके साथ ही अजय यादव के संयोजन में पुस्तक प्रदर्शनी भी पाठकों के आकर्षण का केन्द्र बनेगी।


