जबलपुर की महिला के खाते से उड़े थे लाखों, पुलिस सहयोग पर उठाए सवाल
जबलपुर। बिलहरी निवासी 70 वर्षीय चैताली मित्रा के साथ हुई साइबर ठगी के मामले में मप्र हाई कोर्ट ने एक बड़ा कदम उठाया है। हाई कोर्ट ने असम, पश्चिम बंगाल और झारखंड के पुलिस महानिदेशकों (डीजीपी) को 21 जुलाई को अदालत में उपस्थित होने का निर्देश दिया है।याचिकाकर्ता चैताली मित्रा ने बताया कि 26 अप्रैल 2025 को उनके बैंक खाते से 6.25 लाख रुपये की धोखाधड़ी हुई थी। गोराबाजार थाने में शिकायत दर्ज कराने के बाद भी अब तक कार्रवाई नहीं हुई है। जबलपुर एसपी संपत उपाध्याय ने कोर्ट में स्वीकार किया कि बैंकों की नोडल एजेंसियों से जानकारी मिलने में देरी होती है और दूसरे राज्यों की पुलिस से समय पर सहयोग न मिलने के कारण आरोपी स्थान बदलकर रकम निकाल लेते हैं। सुनवाई के दौरान पता चला कि इस मामले में संदिग्ध की लोकेशन असम में मिली है। मामले की गंभीरता को देखते हुए जस्टिस हिमांशु जोशी की एकल पीठ ने केन्द्रीय गृह मंत्रालय, दूरसंचार विभाग और आरबीआई को भी इस मामले में पक्षकार बनाया है। अदालत ने स्पष्ट किया है कि संबंधित राज्यों के डीजीपी को आकर यह बताना होगा कि जांच में देरी क्यों हो रही है।
