जबलपुर। अधारताल के सुहागी में चलने वाले सैक्स रैकेट के मामले में अधारताल टीआई को नोटिस दिया है। इसके साथ ही एक आरक्षक को सस्पेंड कर दिया गया है। पुलिस को प्रथम दृष्टया यह आशंका है कि पुलिस की सांठगांठ से ही यह रैकेट चल रहा था।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अनु बेनीवाल ने मामले की गंभीरता को देखते हुए अधारताल थाने में पदस्थ आरक्षक सतीश झारिया को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया है। थाना प्रभारी विपिन ताम्रकार को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा गया है। जांच में सामने आया कि यह रैकेट उत्तर प्रदेश और महाराष्ट्र तक फैला था जहाँ से युवतियों को बुलाया जाता था।
पुलिस इंवेस्टिीगेशन
पुलिस की जांच में यह तथ्य सामने आया है कि अधारताल थाने में तैनात आरक्षक सतीश झारिया इस पूरे काले कारोबार में सीधे तौर पर संलिप्त था। आरोप है कि आरक्षक सतीश झारिया न केवल इस रैकेट को संरक्षण दे रहा था बल्कि अपनी वर्दी और पद का रौब दिखाकर आरोपियों से मोटी रकम भी वसूल रहा था। निमेष के मकान में 4 साल से यह सेक्स रैकेट संचालित किया जा रहा था।
ये रहा मामला
अधारताल के सुहागी स्थित सरस्वती कॉलोनी के पन्नी मोहल्ला में चल रहे सेक्स रैकेट का पुलिस ने 10 जुलाई को भंडाफोड़ किया था। इस मामले में मकान मालिक निमेष विनोदिया, मुख्य संचालिका मंजू निखर और उसके पति मुकेश निखर एवं पुत्र आरुष निखर को गिरफ्तार किया था। ग्राहक अभय सिंह, सुबोध सिंह और संजय चौरसिया भी पकड़े गए थे।