आरटीओ नियमों की अनदेखी कर गाड़ियां काटने वाले गैरेज पर दबिश
जबलपुर। क्राईम ब्रांच और अधारताल पुलिस ने खजरी खिरिया स्थित एक गैरेज पर दबिश देकर अवैध रूप से वाहनों को काटकर स्क्रैप बनाने वाले गिरोह का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने इस मामले में दो आरोपियों के विरुद्ध विभिन्न धाराओं के तहत प्रकरण दर्ज किया है। आरोपियों द्वारा आरटीओ नियमों का उल्लंघन करते हुए बिना वैध दस्तावेजों और अनुमति के वाहनों को नष्ट किया जा रहा था।
मुखबिर की सूचना पर गैरेज में दबिश
क्राईम ब्रांच को सूचना मिली थी कि खजरी खिरिया में शेख आरिफ के गैरेज पर अवैध रूप से वाहनों को काटकर उन्हें स्क्रैप में बदला जा रहा है। इस सूचना पर क्राईम ब्रांच और अधारताल पुलिस की संयुक्त टीम ने मौके पर छापेमारी की। वहां एक वाहन क्रमांक डीएल 1 एल/आर 9698 खड़ा मिला, जिसमें भारी मात्रा में स्क्रैप लोड था। पूछताछ के दौरान गैरेज मालिक शेख आरिफ ने स्वीकार किया कि उसने वाहन क्रमांक एमपी 20 सीए 6862, एमपी 20 एफए 6828 और एमपी 20 एफ 6243 को काटकर उनका स्क्रैप इस गाड़ी में लोड करवाया है।
संदिग्ध दस्तावेज, वाहन जब्त
जांच के दौरान पुलिस को मौके पर एक अन्य इंडिका विस्टा कार क्रमांक एमपी 20 सीसी 7962 भी आधी कटी हुई हालत में मिली, जिसका इंजन बाहर रखा था। गैरेज मालिक से जब वाहनों को काटने के वैध परमिट, गुमास्ता लाइसेंस और आरटीओ में रजिस्ट्रेशन नंबर सरेंडर करने संबंधी दस्तावेज मांगे गए, तो वह कोई भी ठोस प्रमाण प्रस्तुत नहीं कर सका। आरोपी ने केवल डुप्लीकेट रजिस्ट्रेशन कार्ड दिखाए। पुलिस ने संदेह के आधार पर सभी वाहनों का स्क्रैप और इंजन जप्त कर धारा 106 बीएनएसएस के तहत कार्यवाही की है।
खंगाला जा रहा बैकग्राउंड
विवेचना के दौरान साक्ष्यों और बयानों के आधार पर पुलिस ने पाया कि आरोपी अरबाज द्वारा लाए गए वाहनों को आरिफ अवैध लाभ कमाने के उद्देश्य से काट रहा था। इन वाहनों का टैक्स जमा न कर और बिना नवीनीकरण के इन्हें छिपाकर अवैध रूप से नष्ट किया जा रहा था। पुलिस ने बेलबाग निवासी शेख आरिफ और अरबाज के विरुद्ध धारा 318(1), 61(2) बीएनएस एवं मध्य प्रदेश मोटर कराधन अधिनियम की धारा 11 और 16(3) के तहत मामला दर्ज किया है। इस कार्यवाही में थाना प्रभारी प्रवीण कुमरे, शैलेष मिश्रा, कैलाश मिश्रा, प्रशांत सोलंकी, अटल जंघेला, वीरेन्द्र सिंह, अजीत, विनय, सत्येन्द्र विसेन, अशोक पाण्डे, प्रेमलाल विश्वकर्मा, सुग्रीव तिवारी, अंकुर मिश्रा और मानवेन्द्र सिंह की मुख्य भूमिका रही।
