khabar abhi tak

रेलवे ने अपने छह वरिष्ठ अधिकारियों का किया जबरिया रिटायरमेंट, यह है कारण

नई दिल्ली. भारतीय रेलवे ने जवाबदेही और कार्यकुशलता को लेकर बड़ा कदम उठाते हुए छह वरिष्ठ अधिकारियों को सेवा से अनिवार्य रूप से सेवानिवृत्त कर दिया है। यह कार्रवाई भारतीय रेलवे स्थापना संहिता (ढ्ढक्रश्वष्ट), वॉल्यूम-2 के नियम 1802(ड्ड) के तहत की गई है, जो प्रशासन को सार्वजनिक हित में अधिकारियों को समयपूर्व सेवानिवृत्त करने का अधिकार देता है।

सेवानिवृत्त किए गए अधिकारियों में CME/Project/HQ (उत्तरी रेलवे), NF-HAG/IRSME (दक्षिण पश्चिम रेलवे), SAG/ISRE (दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे), SAG/IRSSE (पूर्वी रेलवे), ग्रेड-1 (अंडर सेक्रेटरी/डिप्टी डायरेक्टर, RBSS) और PPS (RBSSS) स्तर के अधिकारी शामिल हैं।

प्रशासन ने अन्य अफसरों को दिया ये कड़ा संदेश

रेलवे के इस फैसले को संगठन में जवाबदेही और प्रदर्शन आधारित संस्कृति को मजबूत करने के रूप में देखा जा रहा है। संकेत साफ है कि गैर-प्रदर्शन और अक्षमता को किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अधिकारियों और कर्मचारियों को भी इस कार्रवाई से सख्त संदेश गया है कि सेवा मानकों से समझौता अब स्वीकार्य नहीं होगा।

तकनीक से भी सुदृढ़ हो रही रेलवे सुरक्षा

इसी के साथ भारतीय रेलवे सुरक्षा और संचालन दक्षता बढ़ाने के लिए एआई और मशीन लर्निंग (एमएल) आधारित तकनीकों को तेजी से अपना रहा है। रिसर्च डिजाइन्स एंड स्टैंडर्ड्स ऑर्गेनाइजेशन (आरडीएसओ) द्वारा विकसित टीआरआई-नेत्र सिस्टम लोको पायलटों को कोहरे और खराब मौसम में बेहतर दृश्यता प्रदान करता है। इसके अलावा 24 व्हील इम्पैक्ट लोड डिटेक्टर और 25 ऑनलाइन मॉनिटरिंग ऑफ रोलिंग स्टॉक  सिस्टम लगाए गए हैं, जो पहियों और बेयरिंग की रियल-टाइम निगरानी करते हैं।

Post a Comment

Previous Post Next Post
khabar abhi tak
khabar abhi tak
khabar abhi tak