3 किलोमीटर की सुरंग बनते गुजरात-मुंबई को मिलेगा नया रेलमार्ग


जबलपुर।
इंदौर के आदिवासी अंचल में तीन किलोमीटर की सुरंग बनाई जा रही है।  इंदौर के दाहोद रेल प्रोजेक्ट के जरिए सुरंग पूरा होते यह धार, झाबुआ होते हुए सीधे गुजरात से जुड़ जाएगी। इससे गुजरात-मुंबई को नया रेल मार्ग मिल जाएगा। जानकार कहते हैं कि इस टनल को शुरू होने के बाद जबलपुर-इंदौर से गुजरात और मुंबई के लिए सीधी रेल सेवा मिल सकती है। मुंबई मार्ग पर ट्रे्नों की व्यस्तता को देखते हुए यह मार्ग मुंबई और गुजरात जाने वाले यात्रियों के लिए ज्यादा लाभदायक हो सकेगा।

204 किलोमीटर लंबी इंदौर दाहोद रेल परियोजना मध्य प्रदेश को गुजरात से जोड़ने वाली रेलवे की एक महत्वपूर्ण परियोजना है। इसके जरिए इंदौर और मुंबई के बीच की दूरी कम हो जाएगी। इस प्रोजेक्ट पर फिलहाल काम अंतिम दौर में है। पीथमपुर क्षेत्र में पटरी बिछाने से लेकर टनल फिनिशिंग का काम अंतिम चरण में है। रेलवे अधिकारियों के मुताबिक फरवरी 2026 में यहां टिही में बन रही करीब 3 किलोमीटर लंबी टनल का काम पूरा हो जाएगा।

पश्चिम रेलवे के जनसंपर्क अधिकारी खेमराज मीणा के मुताबिक अगले 2 महीने में आने वाली फरवरी 2026 तक टनल का काम पूरा कर लिया जाएगा। टनल का काम 2017-18 में शुरू हुआ था, जिसमें रेलवे ने 2020 में प्रोजेक्ट को फ्रीज कर शॉर्ट टर्मिनेट टेंडर जारी किए थे। बारिश आ जाने से टनल में पानी भर गया और काम रुका गया था। अब जून 2023 में टनल का काम फिर से शुरू हुआ, जिसे तेजी से गुवाहाटी की एक नई कंपनी द्वारा पूरा किया जा रहा है।


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