जबलपुर। तिलवारा के घाना गांव में एक परिवार के मुखिया ने बुधवार रात फंदे पर लटक कर अपनी जान दे दी। हंसता-खेलता परिवार बिखर गया। परिजनों की सूचना पर पुलिस ने उसका शव पीएम के लिए भेज दिया। पुलिस ने प्रथम दृष्टया पाया कि मृतक पर बैंक का लोन था। लोन की किश्त को लेकर पति-पत्नी में कलह होती थी, जिससे पत्नी रूठकर अपने मायके चली गई थी। पति बच्चों के साथ घर पर रह रहा था।
तिलवारा पुलिस ने बताया कि नंदकिशोर उर्फ बुद्धु बर्मन ने सूचना दी कि उसके पड़ौस में रहने वाले चाचा स्व कैलाश बर्मन का लड़का अर्जुन अपने परिवार सहित रहता था। अनिल एवं अनिल की पत्नी मजदूरी करने जबलपुर जाते थे। अर्जुन की पत्नी वर्षा बर्मन लगभग 2 माह पहले अपने मायकेे ग्राम बगरई चरगवां चली गयी। अर्जुन अपने बच्चों के साथ रह रहा था। अर्जुन ने लोन लिया था जिसकी किश्त केा लेकर बहुत समय से दोनों पति पत्नी के बीच में विवाद होता था। इसी कारण अर्जुन की पत्नी वर्षा मायके चली गयी थी। अर्जुन बर्मन परेशान रहता था। गुरूवार की सुबह लगभग 6.30 बजे अर्जुन की मां उषा बाई के चिल्लाने की आवाज आने पर देखा, अर्जुन बर्मन घर के अंदर वाले कमरे की छत की लकड़ी की बल्ली से लायलोन की रस्सी बांधकर फंदे पर लटक रहा है। उसके कमरे का दरवाजा खुला था।
