क्योंझर (ओडिशा). सरकारी स्कूलों में लापरवाही की कई घटनाएं सामने आती है. लेकिन ओडिशा के क्योंझर जिले में लापरवाही का एक ऐसा मामला सामने आया है. जिसके सामने आने के बाद लोग हैरान हो गए है. यहां पर अंजर स्थित सरकारी अपर प्राइमरी स्कूल में एक आठ साल की बच्ची ज्योत्सना देहुरी जब स्कूल गई तो वह सो गई. इस दौरान कर्मचारियों और शिक्षकों ने स्कूल बंद करने से पहले स्कूल की जांच भी करना जरुरी नहीं समझा.
बच्ची क्लास में ही सो गई और स्कूल के शिक्षक स्कूल को बंद करके अपने अपने घर चले गए. बच्ची जब शाम तक घर नहीं पहुंची तो उसके माता पिता ने उसकी तलाश शुरू की. लेकिन बच्ची कही नहीं मिली. इसके बाद जब सुबह हुई तो पता चला की बच्ची स्कूल में रह गई. इस दौरान बच्ची ने क्लास से निकलने की कोशिश की. उसने खिड़की से निकलने की कोशिश, लेकिन गर्दन खिड़की में फंस गई. रात भर बच्ची ऐसे ही तड़पती रही.
स्कूल की बड़ी लापरवाही
जब स्कूल में बच्ची सो गई तो किसी भी कर्मचारी और शिक्षक ने उसे नहीं देखा और घर जाने की जल्दबाजी के कारण बच्ची स्कूल में फंस गई. इसके बाद जब दूसरे दिन स्कूल खुला तो गांव में बवाल मच गया.क्योंकि बच्ची स्कूल में मौजूद थी और उसकी गर्दन खिड़की में फंसी हुई थी. इसके बाद लोगों ने पहुंचकर लोहे की रॉड को मोड़ा और बच्ची को बाहर निकाला. इसके बाद उसे हॉस्पिटल इलाज के लिए भेजा गया.
लोगों में गुस्सा, हेडमास्टर को किया सस्पेंड
इस घटना के बाद गांव के लोगों में स्कूल स्टाफ को लेकर रोष फैल गया है. इस घटना के बाद स्कूल की प्रिंसिपल को सस्पेंड कर दिया गया है. इस घटना में गनीमत रही कि बच्ची की जान बच गई.
