कटनी. एमपी के कटनी जिले में एक बार फिर अंधविश्वास के चलते एक व्यक्ति की जान खतरे में पड़ गई. समय रहते चिकित्सकीय उपचार न मिलने से उसकी हालत बिगड़ गई. फिर आखिरकार अस्पताल में इलाज मिलने पर उसकी जान बच पाई. पूरा मामला जिले के एनकेजे थाना क्षेत्र के जुगिया कांप गांव का है. यहां 43 वर्षीय अजगर खान खेत में काम कर रहे थे, तभी उन्हें सांप ने डस लिया.
परिजन तत्काल अजगर खान को जिला अस्पताल लेकर पहुंचे, लेकिन यहां इलाज कराने की बजाय वो अस्पताल के मुख्य गेट पर तांत्रिक क्रिया और झाड़-फूंक कराने में जुट गए. प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, परिजनों ने डॉक्टर को दिखाने की बजाय सबसे पहले एक तांत्रिक से मोबाइल फोन के जरिए संपर्क किया. यह पूरा अंधविश्वास का तमाशा अस्पताल के मुख्य द्वार पर करीब एक घंटे तक चलता रहा.
डॉक्टर ने तत्काल शुरू किया इलाज
जब अजगर खान की हालत और अधिक बिगडऩे लगी, तब अस्पताल में मौजूद लोगों ने परिजनों को समझाया. इसके बाद ही अजगर खान को अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड में भर्ती कराया गया. डॉक्टरों की टीम ने तत्काल इलाज शुरू किया, जिससे उसकी स्थिति में धीरे-धीरे सुधार आने लगा. ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर सौरभ नामदेव ने बताया कि अजगर खान की हालत काफी गंभीर थी, लेकिन समय पर इलाज शुरू होने से उसकी जान बचाई जा सकी.
वहीं पीडि़त के साथी शहीद खान ने बताया कि अजगर खान को सांप काटने के तुरंत बाद वो कपड़े से बांधकर उसे अस्पताल लाए थे. झाड़-फूंक को लेकर उन्होंने कहा, हमने हर उपाय करना जरूरी समझा. पता नहीं किससे आराम मिल जाए. अगर किसी को सांप काटे तो बिना देर किए उसे तुरंत नजदीकी अस्पताल जाएं. झाड़-फूंक में समय गंवाना आपकी जान पर भारी पड़ सकता है.