जबलपुर। संस्कारधानी वासियों को सुलभ, सुरक्षित और प्रदूषण मुक्त सफर की सौगात देते हुए 45 पीएम ई-बस और 55 मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा की गाड़ियां मिलाकर कुल 100 बसों का लोकार्पण किया गया। इस भव्य आयोजन में महापौर जगत बहादुर सिंह अन्नू, सांसद आशीष दुबे, विधायक अशोक ईश्वरदास रोहाणी, सुशील तिवारी इंदु भैया, डॉ. अभिलाष पांडे, भाजपा नगर अध्यक्ष रत्नेश सोनकर, नगर निगम अध्यक्ष रिंकू विज, जेडीए अध्यक्ष संदीप जैन, उपाध्यक्ष प्रशांत केसरवानी, एमआईसी सदस्य डॉ. सुभाष तिवारी, विवेक राम सोनकर, अंशुल राघवेंद्र यादव, पार्षद मोनिका पुष्पेंद्र सिंह, रेणु कोरी, प्रतिभा भापकर, अपर आयुक्त देवेंद्र सिंह चौहान, जेसीटीएसएल सीईओ सचिन विश्वकर्मा और सहायक शीतल उपाध्याय ने संयुक्त रूप से हरी झंडी दिखाकर इन वाहनों को रवाना किया।
सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम संग मिली नई खूबियां
यात्रियों, खासकर महिलाओं और दिव्यांगों की सुविधा हेतु इन इलेक्ट्रिक वाहनों में दिव्यांगजन पंच बटन, व्हीलचेयर लिफ्ट, जीपीएस ट्रैकिंग, आपातकालीन पैनिक बटन और सीसीटीवी सर्विलांस की पुख्ता व्यवस्था मौजूद है। वास्तविक समय की निगरानी के साथ आग से बचाव के लिए एफडीएएस अलार्म सिस्टम, झटकों से राहत दिलाने वाला एयर सस्पेंशन, 25 आरामदायक सीटें, केवल निर्धारित स्टॉप पर खुलने वाले 2 ऑटोमैटिक दरवाजे, अगले पड़ाव की सूचना देने वाला पैसेंजर अनाउंसमेंट और रूट डिस्प्ले सिस्टम लगा है। संकरे रास्तों और भारी जाम में सुगम मोड़ के लिए इनका आकार कॉम्पैक्ट रखा गया है। यह शून्य उत्सर्जन तकनीक शहर को स्वच्छ और हरित बनाएगी।
क्षेत्रीय आवागमन मजबूत करने तय हुए प्रमुख मार्ग
अंतरशहरीय संपर्क सुधारने हेतु छिंदवाड़ा रूट पर 6, सागर और बालाघाट के लिए 2-2 बसें शुरू की गई हैं। ग्रामीण व कस्बाई इलाकों के तहत कटंगी, मझोली एवं सिहोरा रूट पर भी 2-2 गाड़ियों की सेवा मिलेगी। नगरीय सीमा में पीएम ई-बसों के संचालन के 7 रास्ते तय किए गए हैं, जिनमें ई-1 मदर टेरेसा नगर से रांझी घाना वाया घमापुर, ई-2 आईएसबीटी से तिलवारा घाट वाया कछपुरा ब्रिज, ई-3 आईएसबीटी से ग्वारीघाट वाया त्रिमूर्ति नगर, ई-4 रेलवे स्टेशन से पनागर वाया दमोहनाका, ई-7 आईएसबीटी से बरेला वाया तीन पत्ती, ई-9 रेलवे स्टेशन से भेड़ाघाट वाया अंधमूक बाईपास और ई-11 आईएसबीटी से डुमना एयरपोर्ट वाया रेलवे स्टेशन शामिल हैं। आने वाले दिनों में 69 अतिरिक्त ई-बसें मिलने पर यह संख्या बढ़कर 150 हो जाएगी।
