25 दिन किया काम, रजिस्टर में दर्ज थी 16 दिन की हाजिरी
जानकारी के मुताबिक, नगर निगम में सफाईकर्मी के तौर पर काम करने वाले राजकिशोर समुद्रे ने सितंबर महीने में 25 दिन ड्यूटी की थी। हालांकि, उपस्थिति रजिस्टर में उनकी हाजिरी केवल 16 दिन ही दर्ज की गई थी। इस पर राजकिशोर ने सुपरवाइजर बालकृष्ण आदिवासी से संपर्क किया और अपनी हाजिरी पूरी दर्ज करने की बात कही। आरोप है कि हाजिरी ठीक करने के बदले सुपरवाइजर ने उनसे 3 हजार रुपये की रिश्वत मांगी। इसके बाद सफाईकर्मी ने मामले की शिकायत लोकायुक्त रीवा की टीम से कर दी।
पहले ले चुका था 1 हजार रुपये, दूसरी किस्त लेते पकड़ा गया
लोकायुक्त निरीक्षक संदीप सिंह भदौरिया के मुताबिक, शिकायत मिलने के बाद टीम ने मामले का सत्यापन कराया। इस दौरान सामने आया कि आरोपी सुपरवाइजर पहले ही 1 हजार रुपये ले चुका था। इसके बाद लोकायुक्त की टीम ने जाल बिछाया और रविवार को शेष 2 हजार रुपये लेते समय उसे रंगे हाथों पकड़ लिया। कार्रवाई के बाद आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज किया गया है। लोकायुक्त की टीम मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है।
