भोपाल. मुख्यमंत्री डा. मोहन यादव की अध्यक्षता में राजधानी भोपाल में कैबिनेट बैठक का आयोजन किया गया। इसमें कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए। प्रत्येक जिले में शिकायत निवारण के लिए लोकपाल की नियुक्ति की जाएगी। साथ ही भोपाल, उज्जैन, जबलपुर में टेक्नालॉजी युनिवर्सिटी खुलेेंगी.
पीडबलूडी मंत्री राकेश सिंह ने कैबिनेट बैठक में लिए फैसलों की जानकारी दी। मंत्री राकेश सिंह ने बताया कि मध्यप्रदेश में सरकार अब ग्रीष्मकालीन मूंग खरीदी का लक्ष्य बढ़ा दिया है। पहले समर्थन मूल्य पर उत्पादन का 25 प्रतिशत मूंग खरीदा जाता था। अब कुल उत्पादन का 60 प्रतिशत मूंग की खरीदी की जाएगी।
मंत्री राकेश सिंह ने आगे बताया कि मध्यप्रदेश के लिए आरजीपीवी यूनिवर्सिटी के 13 पाठ्यक्रम और 585 संस्थाएं संचालित हैं। जहां 3 लाख 83 हजार से अधिक विद्यार्थी अध्ययनरत है। अब यहां तीन प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय भी घोषित किए गए हैं। प्रौद्योगिकी यूनिवर्सिटी को तीन क्षेत्रों में बांटा जाएगा।
मध्य, मालवा और महाकौशल में तीन युनिवर्सिटी को मंजूरी
- मध्य भारत प्रौद्योगिकी एवं कौशल विश्वविद्यालय भोपाल बनेगा। इसमें भोपाल, नर्मदापुरम, ग्वालियर-चंबल संभाग के सभी जिले आएंगे।
- मालवा प्रौद्योगिकी कौशल विश्वविद्यालय उज्जैन में बनेगा। इसमें उज्जैन और इंदौर संभागों के सभी जिले आएंगे।
- महाकौशल प्रौद्योगिकी कौशल विश्वविद्यालय जबलपुर में बनेगा। इसमें जबलपुर, रीवा, सागर, शहडोल के जिले आएंगे।
- इसमें पदों की भर्तीयां और प्रतिनियुक्तियां की जाएगी।
जबलपुर-नर्मदापुरम-इंदौर रूट पर 21 किमी सफर कम
लोक निर्माण विभाग में पश्चिमी भोपाल बाईपास फोरलेन के लिए जमीन अधिग्रहण की राशि में चार गुना बढ़ोतरी की मंजूरी दी है। रातापानी में अंडर पासेस ज्यादा बनेंगे। पहले लागत 2981 रुपए थी। अब लागत बढ़ाकर 3225 करोड़ रुपए की है। पहले फोरलेन की लंबाई 40 किलो मीटर थी, अब यह घटकर 35.61 किलोमीटर हो गई है। जबलपुर-नर्मदापुरम-इंदौर रूट पर 21 किलोमीटर का सफर कम होगा। महलुआ-बीना-खिमलासा-मालथोन मार्ग फोरलेन का निर्माण किया जाएगा। लागत 2776 करोड़ रुपए हो गई है।
