उज्जैन. सुप्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर में बुधवार को कांवड़ लेकर आए कुछ यात्रियों ने जमकर हंगामा कर दिया। कावड़ यात्रियों ने जबरन नंदी हॉल में प्रवेश करने का प्रयास किया। सुरक्षा व्यवस्था में तैनात कर्मचारियों ने उन्हें रोकने की कोशिश की तो विवाद बढ़ गया और कांवड़ यात्रियों ने सुरक्षाकर्मियों के साथ मारपीट शुरू कर दी।
इस दौरान नंदीहाल की बैरिकेडिंग और व्यवस्थात्मक अवरोध क्षतिग्रस्त हो गए। मारपीट में चार सुरक्षाकर्मी घायल हुए हैं। इनमें एक सुरक्षाकर्मी के पैर पर बैरिकेड गिरने से फ्रैक्चर हुआ है, जबकि दूसरे के सिर में गंभीर चोट आई है। घायलों को उपचार के लिए चरक अस्पताल भेजा गया। घटना के दौरान मंदिर परिसर में कुछ देर के लिए अफरा-तफरी की स्थिति बन गई। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की मौजूदगी के कारण सुरक्षा कर्मचारियों ने स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास किया।
मंदिर प्रबंध समिति के अनुसार कुछ उपद्रवी और असामाजिक प्रवृत्ति के व्यक्तियों ने मंदिर की सुरक्षा एवं व्यवस्थाओं को प्रभावित करने का प्रयास किया। इन लोगों ने नंदीहाल में लगी बैरिकेडिंग तोड़ दी और व्यवस्थात्मक अवरोधों को क्षतिग्रस्त कर दिया। साथ ही दान पेटियों को इधर-उधर फेंकते हुए अनधिकृत रूप से गर्भगृह में प्रवेश का प्रयास किया गया। रोकने पर सुरक्षाकर्मियों के साथ हाथापाई और मारपीट की गई।
मंदिर प्रशासन ने जताई नाराजगी
घटना को मंदिर प्रबंध समिति ने गंभीरता से लिया है। समिति का कहना है कि मंदिर की सुरक्षा व्यवस्था से छेड़छाड़, बैरिकेडिंग तोडऩा, मंदिर संपत्ति को नुकसान पहुंचाना, सुरक्षाकर्मियों से मारपीट करना और निर्धारित दर्शन व्यवस्था का उल्लंघन किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा।
पहचान कर होगी कार्रवाई
मंदिर प्रबंध समिति ने बताया कि घटना में शामिल लोगों की पहचान की जा रही है। संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। समिति ने स्पष्ट किया कि धार्मिक आस्था की आड़ में मंदिर की सुरक्षा और व्यवस्थाओं को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।
