धार. मध्य प्रदेश के धार जिले के धामनोद के धानी गांव स्थित एक निजी बालिका छात्रावास में छात्राएं दहशत में हैं. यहां खौफनाक और रहस्यमय घटनाएं हो रही हैं. करीब एक महीने से रात के अंधेरे में कोई आकर छात्राओं के बाल काट रहा है. एक के बाद एक ऐसे कई मामले सामने आए हैं. अब तक 13 छात्राओं के बाल कटने की घटनाएं हुई हैं. खास बात ये है कि छात्रावास में लगे सीसीटीवी फुटेज ब्लर मिले हैं. बच्चियों ने इसकी शिकायत शिक्षकों से की तो उन्होंने इसे नाटक बताया.
रात के सन्नाटे में गहरी नींद में सो रही बालिकाओं के बाल आखिर कौन और कैसे काट रहा है? यह सवाल अब हर किसी को दहशत में डाल रहा है. सहमी हुई छात्राओं ने जब रोते-बिलखते अपने परिजनों को इसके बारे में बताया, तो परिजनों के भी होश उड़ गए. परिजनों का आरोप है कि जब उन्होंने छात्रावास प्रबंधन के सामने अपनी समस्या रखी तो संस्था की साख और बदनामी के डर से मामले पर पर्दा डालने की कोशिश की गई. डर और संकोच के साए में जी रही छात्राएं अब अपनी बात खुलकर कहने से भी घबरा रही हैं.
पुलिस व प्रशासन की टीम जांच करने पहुंची
छात्राओं को लेकर परिजन ब्लॉक शिक्षा अधिकारी के कार्यालय पहुंचे और लिखित शिकायत की. मामले की गंभीरता को देखते हुए धार एसडीओपी मोनिका सिंह के साथ तहसीलदार अंजलि गुप्ता छात्रावास में जांच करने पहुंची. तहसीलदार का कहना है बच्चियों के बाल काटने की शिकायतें मिली हैं. निरीक्षण किया है. अन्य शिकायतें भी बच्चियों ने बताई हैं. सभी शिकायतों को ध्यान से सुना है. ब्लॉक शिक्षा अधिकारी को संबंधित समस्याओं के बारे में जानकारी देकर उचित कार्रवाई करने को कहा गया है.
छात्रावास की सफाई कराने की भी शिकायत
छात्रावास की बच्चियों ने प्रबंधन पर झाडू-पोछा, सब्जी काटना, गेहूं बीनना, नालियां और बाथरूम साफ करवाने की शिकायत भी की है. एसडीओपी मोनिका सिंह ने बताया लगभग 8 से 10 बच्चियों के बाल कटने की शिकायत पर निरीक्षण किया गया. रात के वक्त कैमरों का नाइट विजन काम नहीं कर रहा था. मामले की जांच जारी है.
