बताया गया है कि दमोह तारादेही के बमनोदा गांव निवासी माधव पिता मोहन सिंह गोंड उम्र 35 वर्ष आज पैदल अपनी ससुराल बोमा गांव जाने के लिए निकले। बोमा गांव एक वन ग्राम है और यह इलाका जंगली है।माधव सिंह जब जंगल के बीच से गुजर रहे थे, इस दौरान तीन भालुओं के झुंड ने अचानक माधव सिंह हमला कर दिया। भालुओं के हमले से माधव सिंह चीखने लगे, शोर सुनकर जंगल से गुजर रहे ग्रामीणों ने आवाज सुनी तो पहुंच गए और पथराव कर भालुओं को खदेड़ दिया। इसके बाद देखा कि माधवसिंह के चेहरे, सिर, हाथ, पैर व पीठ में गहरे घाव है, जिसमें से लगातार खून बह रहा था। तत्काल दमोह के जिला अस्पताल लेकर पहुंचे। जहां पर डाक्टरों ने हालत क ो देखते हुए प्राथमिक उपचार के बाद जबलपुर के मेडिकल कालेज रेफर कर दिया। मेडिकल अस्पताल में माधव सिंह गौंड़ की हालत नाजुक बनी हुई है। वहीं दूसरी ओर घटना की जानकारी मिलते ही वन विभाग के अधिकारी भी जिला अस्पताल पहुंच गए थे, जिन्होने घायल को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई।