जबलपुर। ।गर्मी के दौरान नागरिकों को निर्बाध जलापूर्ति सुनिश्चित करने के लिए नगर निगम ने व्यापक स्तर पर पुख्ता तैयारियां की हैं। महापौर जगत बहादुर सिंह अन्नू और निगमायुक्त रामप्रकाश अहिरवार ने जल विभाग के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक कर पेयजल व्यवस्था की जमीनी हकीकत जानी। अफसरों को निर्देश दिए गए हैं कि शहर के किसी भी कोने में पानी की किल्लत नहीं होनी चाहिए। जल संसाधन प्रबंधन और तकनीकी समस्याओं के त्वरित निराकरण के लिए पूरी टीम को फील्ड पर सक्रिय रहने के आदेश दिए गए हैं। जिन क्षेत्रों में पाइप लाइन नहीं है या पानी का दबाव कम है, वहां 10 अतिरिक्त पानी के टैंकरों के माध्यम से जलापूर्ति की व्यवस्था शुरू कर दी गई है।
जल संकट से निपटने मैदान में उतरी टीम
नगर निगम प्रशासन ने उन चुनिंदा इलाकों के लिए विशेष रणनीति तैयार की है, जहां बुनियादी पाइप लाइन नेटवर्क का विस्तार नहीं हो सका है। समीक्षा के दौरान जल विभाग के अमले को साफ निर्देश दिए गए कि पानी वितरण में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी। जलापूर्ति प्रबंधन को त्वरित और प्रभावी बनाने के उद्देश्य से ही आज निगम के बेड़े में 10 नए पानी के टैंकर शामिल किए गए हैं। इन वाहनों के जुड़ने से प्रभावित क्षेत्रों में बिना किसी देरी के स्वच्छ पेयजल पहुंचाया जा सकेगा।
नए टैंकरों से मजबूत होगी पेयजल वितरण व्यवस्था
इस महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक में विभागीय समन्वय और कार्ययोजना को अंतिम रूप देने के लिए अधीक्षण यंत्री कमलेश श्रीवास्तव उपस्थित रहे। उनके साथ सहायक यंत्री राजेश खंपरिया, संदीप जायसवाल, अंकुर नाग, संजय सिंह, गुलाब इनवाती, मनोज पटेल और शैलेन्द्र पटेल ने भी क्षेत्रवार पानी की उपलब्धता और वितरण प्रणाली की रिपोर्ट प्रस्तुत की। निगम का मुख्य संकल्प हर नागरिक तक स्वच्छ और पर्याप्त पानी पहुंचाना है, जिसके लिए अधिकारियों को मुस्तैद कर जिम्मेदारी सौंप दी गई है।
