जबलपुर। गौर क्षेत्र स्थित संत एलॉयसिस बॉयज हॉस्टल से 17 जून 2026 की शाम को अचानक गायब हुए 21 वर्षीय छात्र गुरुतेज बहादुर शाह का शव जमतरा के पास नर्मदा नदी में बहता हुआ पाया गया है। मूल रूप से डिंडौरी जिले के किसलपुरी निवासी मृतक की गुमशुदगी की रिपोर्ट उसके छोटे भाई चर्चिल तेज बहादुर शाह ने गौर चौकी में दर्ज कराई थी। दो दिन से जारी तलाश के बाद गुरुवार को नदी में शव मिलने से हॉस्टल और परिजनों में हड़कंप मच गया। बरेला थाना पुलिस ने मर्ग कायम कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की सघन जांच शुरू कर दी है।
नर्मदा के गहरे पानी में डूबने से मौत की आशंका
मृतक के चाचा दलवीर सिंह के अनुसार यह हादसा गहरे पानी में डूबने की वजह से हुआ हो सकता है। छात्र 17 जून की शाम लगभग 6:30 बजे बिना किसी को जानकारी दिए हॉस्टल परिसर से बाहर निकला था। जब वह देर रात तक वापस नहीं लौटा, तब सहपाठियों और जानकारों से पूछताछ के बाद पुलिस में शिकायत दी गई थी। नदी में शव दिखने की सूचना पर पहुंची पुलिस टीम ने स्थानीय लोगों की मदद से उसे बाहर निकाला, जिसके बाद उसकी पहचान गुरुतेज के रूप में हुई। पुलिस प्रशासन अब इस बात का पता लगाने का प्रयास कर रहा है कि छात्र हॉस्टल से सीधे नर्मदा नदी तक कैसे और किन परिस्थितियों में पहुंचा। वह वहां अकेले गया था या उसके साथ कोई और भी था, इन सभी बिंदुओं पर साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों का खुलासा हो सकेगा। इस दुखद घटना के बाद से मृतक के गृह ग्राम और हॉस्टल परिसर में शोक का माहौल बना हुआ है।
