जबलपुर। गाड़ी संख्या 15232 बरौनी गोंदिया एक्सप्रेस में यात्रा कर रही 30 वर्षीय गर्भवती महिला को अचानक भदनपुर स्टेशन के पास प्रसव पीड़ा शुरू हो गई। इस आपातकालीन स्थिति में रेलवे कर्मचारियों और सहयात्रियों ने सूझबूझ दिखाते हुए ट्रेन के भीतर ही महिला का सुरक्षित प्रसव कराया। ट्रेन में नवजात के जन्म लेते ही खुशी का माहौल बन गया। जबलपुर रेल मंडल के मैहर स्टेशन पर सूचना मिलते ही वाणिज्य स्टेशन प्रबंधक प्राण मोहन मिश्रा ने तत्काल चेकिंग स्टाफ, महिला सफाई कर्मियों, महिला पॉइंट्समैन और आरपीएफ कर्मियों को सक्रिय किया। उप स्टेशन प्रबंधक शोभित शर्मा ने फौरन 108 एंबुलेंस की व्यवस्था की। मैहर स्टेशन पर ट्रेन रुकते ही मां और नवजात शिशु को सुरक्षित रूप से सिविल अस्पताल भेजा गया, जहां दोनों पूरी तरह स्वस्थ हैं।
समय पर मिली मदद से बची दो जानें
मैहर स्टेशन के रेलकर्मियों ने अपनी मानवीय संवेदनशीलता का परिचय देते हुए प्रसूता महिला को समय पर हर संभव सहायता पहुंचाई। स्टेशन प्रबंधन की मुस्तैदी से जैसे ही ट्रेन मैहर स्टेशन पर रुकी, सुरक्षा और स्वास्थ्य टीम पहले से तैनात थी। महिला सफाई कर्मियों ने अपने जमीनी अनुभव और सूझबूझ से जच्चा और बच्चा की प्राथमिक देखभाल की। रेलवे प्रशासन ने तत्परता दिखाते हुए बिना समय गंवाए आवश्यक चिकित्सीय सहायता उपलब्ध कराई। यात्रियों की सुरक्षा के प्रति प्रतिबद्धता दिखाते हुए पूरी टीम ने मिलकर इस कठिन परिस्थिति को संभाला।
अस्पताल में भर्ती मां और बच्चा दोनों सुरक्षित
उप स्टेशन प्रबंधक द्वारा बुलाई गई 108 एंबुलेंस के माध्यम से दोनों को तुरंत नजदीकी सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया। अस्पताल के डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों ने तुरंत मोर्चा संभाला और मां तथा नवजात शिशु को आवश्यक चिकित्सीय देखरेख में ले लिया। डॉक्टरों के अनुसार सही समय पर अस्पताल पहुंचने और रास्ते में प्राथमिक देखभाल मिलने के कारण दोनों की सेहत बिल्कुल ठीक है। रेलवे की इस त्वरित कार्रवाई की अस्पताल प्रबंधन और वहां मौजूद अन्य लोगों ने भी सराहना की।
