जबलपुर। बेलखाडू मंझगवां क्षेत्र में एक युवक की आत्महत्या का मामला अब काफी पेचीदा हो गया है। मृतक के ससुर ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर मामले में कई गंभीर खुलासे किए हैं। पीड़ित पक्ष का कहना है कि यह केवल एक सामान्य आत्महत्या नहीं है, बल्कि इसके पीछे एक बड़ा षड्यंत्र और मानसिक प्रताड़ना छिपी हुई है। पाटन के रहने वाले रामेश्वर तिवारी ने अपने दामाद की मौत के बाद पुलिस से न्याय की गुहार लगाई है। उन्होंने बताया कि मौत से करीब 7 दिन पहले उनके दामाद ने उन्हें फोन किया था। उस बातचीत के दौरान युवक बहुत घबराया हुआ था और उसने अपनी पत्नी को लेकर चिंता जताई थी। परिजनों के अनुसार युवक ने आखिरी समय में अपनी पत्नी को सुरक्षित बाहर निकालने की बात कही थी। इस बातचीत के बाद से ही परिवार के लोग किसी अनहोनी को लेकर डरे हुए थे और कुछ ही दिनों बाद युवक का शव ट्रेन की पटरियों पर मिला।
देह व्यापार के सिंडिकेट से जुड़े होने के आरोप
रामेश्वर तिवारी ने पुलिस को बताया कि उनकी बेटी तनु को रंजीत यादव नामक व्यक्ति और उसके साथियों ने देह व्यापार के जाल में फंसा लिया था। आरोपी उनकी बेटी से गलत काम करवा रहे थे, जिसकी जानकारी मृतक को मिल गई थी। वह अपनी पत्नी को इस दलदल से बाहर निकालने की हर मुमकिन कोशिश कर रहा था। आरोपियों के दबाव और अपनी पत्नी की स्थिति को देखते हुए वह मानसिक रूप से काफी टूट गया था। परिजनों का सीधा आरोप है कि रंजीत यादव और उसके गिरोह की वजह से ही युवक ने मौत का रास्ता चुना।
पुलिस को सौंपी गई ऑडियो रिकॉर्डिंग
शिकायतकर्ता ने पुलिस को साक्ष्य के तौर पर एक ऑडियो रिकॉर्डिंग भी प्रदान की है। इस रिकॉर्डिंग में युवक की आवाज होने का दावा किया जा रहा है, जिसमें वह अपनी पत्नी को बचाने की मार्मिक अपील कर रहा है। पुलिस ने रिकॉर्डिंग और लिखित शिकायत को संज्ञान में लेते हुए जांच की प्रक्रिया शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि ऑडियो की सत्यता जांची जाएगी और रंजीत यादव सहित अन्य संदिग्धों से पूछताछ की जाएगी। पुलिस अब इस मामले की हर कड़ी को जोड़कर सच सामने लाने की कोशिश कर रही है।
