विदिशा. मध्य प्रदेश के विदिशा के पीतलमोल इलाके में मंगलवार-बुधवार की दरमियानी रात एक ईवी बाइक शोरूम में भीषण आग लग गई। इस हादसे में 30 से 35 इलेक्ट्रिक गाडिय़ां जलकर खाक हो गईं और करीब 25 लाख रुपए का नुकसान हुआ है।
शोरूम के ऊपर बनी दो मंजिलों में रह रहे दो परिवारों के 6 लोग धुएं की चपेट में आकर फंस गए। इन्हें बचाने के लिए प्रायवेट जेसीबी बुलानी पड़ी और गैलरी की ग्रिल तोड़कर सुरक्षित बाहर निकाला गया। इस घटना में कोई जनहानि नहीं हुई है।
जेसीबी से हुआ रेस्क्यू
कॉन्वेंट स्कूल के सामने स्थित इस बिल्डिंग में ग्राउंड फ्लोर पर शोरूम और ऊपर मकान बने हैं। रात करीब डेढ़ बजे फर्स्ट फ्लोर पर रह रही बुजुर्ग महिला को धुएं का एहसास हुआ। देखते ही देखते धुआं पूरे भवन में फैल गया और सांस लेना मुश्किल हो गया। दूसरी मंजिल पर रहने वाला जैन परिवार भी जान बचाने के लिए छज्जे पर पहुंच गया। हालात बिगडऩे पर एक प्रायवेट जेसीबी मशीन बुलाई गई। जेसीबी की मदद से गैलरी की ग्रिल तोड़कर फर्स्ट फ्लोर पर फंसी बुजुर्ग महिला और उनकी बेटी का रेस्क्यू किया गया। आग बुझने के बाद दूसरी मंजिल का परिवार भी सुरक्षित नीचे उतरा।
भोपाल से बेटे ने पुलिस को दी सूचना
फर्स्ट फ्लोर निवासी गौरांग माथुर घटना के वक्त भोपाल में थे। उन्होंने बताया, रात करीब 2 बजे मां ने फोन कर नीचे से धुआं उठने की जानकारी दी। मैंने फायर ब्रिगेड को कॉल करने की कोशिश की, लेकिन संपर्क नहीं हो पाया। इसके बाद सिविल लाइन थाना प्रभारी ए.के. मिश्रा को सूचना दी, तब जाकर फायर ब्रिगेड पहुंची। गौरांग के अनुसार, अगर दमकल समय पर पहुंच जाती तो नुकसान कम होता। आग के कारण नीचे उतरने का रास्ता बंद था, इसलिए उन्होंने ही जेसीबी बुलवाकर मां और बहन को बाहर निकाला। उनके परिवार का भी करीब एक लाख रुपए का सामान जला है।
सुबह तक कमरे में भरा था धुआं
सूचना के बाद दमकल टीम ने मौके पर पहुंचकर कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। बुधवार सुबह जब बिल्डिंग का एक किरायेदार मौके पर पहुंचा, तो उसके कमरे में भी धुआं भरा हुआ था। गनीमत रही कि उसका कोई सामान नहीं जला। फिलहाल, पुलिस और फायर विभाग की टीमें आग लगने के सटीक कारणों की जांच कर रही हैं।
