जबलपुर। भोपाल में चर्चित ट्विशा शर्मा मौत मामले में उनके पति समर्थ सिंह की ओर से मध्यप्रदेश हाईकोर्ट में अग्रिम जमानत याचिका दायर की गई है, जिस पर शुक्रवार को सुनवाई हो सकती है। ट्विशा शर्मा की मौत के बाद से ही समर्थ सिंह फरार चल रहे हैं। समर्थ सिंह के अधिवक्ता सीनियर एडवोकेट मृगेंद्र सिंह का कहना है कि इस मामले की जांच कर रही एमपी पुलिस खुद संदेह के घेरे में है। वहीं ट्विशा के परिजनों ने समर्थ सिंह पर प्रताडऩा के गंभीर आरोप लगाए हैं।इससे पहले समर्थ सिंह ने भोपाल जिला अदालत में अग्रिम जमानत के लिए आवेदन दिया था, जिसे खारिज कर दिया गया था। इसके बाद उन्होंने हाईकोर्ट का रुख किया है। वहीं समर्थ सिंह की मां गिरीबाला सिंह को भोपाल कोर्ट से पहले ही अग्रिम जमानत मिल चुकी है। समर्थ सिंह के अधिवक्ता मृगेंद्र सिंह ने कहा कि ट्विशा के परिजनों द्वारा लगाए गए सभी आरोप बेबुनियाद हैं। परिवार वाले मामले को लेकर अनर्गल बातें फैला रहे हैं। उनका कहना है कि ट्विशा ने 12 मई की रात आत्महत्या की थी। मौत से पहले उन्होंने कोई बयान नहीं दिया और न ही कोई सुसाइड नोट छोड़ा। अधिवक्ता ने आरोप लगाया कि परिजनों ने पूरे घटनाक्रम को नाटकीय रूप देते हुए शव का अंतिम संस्कार करने से भी इनकार कर दिया है। समर्थ सिंह और उनकी मां पर लगाए गए आरोप निराधार हैं। मृगेंद्र सिंह ने बताया कि समर्थ सिंह की अग्रिम जमानत को लेकर हाईकोर्ट में आवेदन दायर किया गया है, जिस पर 22 मई को सुनवाई प्रस्तावित है। उन्होंने यह भी कहा कि ट्विशा शर्मा सुसाइड केस की निष्पक्ष जांच मध्यप्रदेश में संभव नहीं है। इसी को लेकर एक अलग याचिका भी तैयार की जा रही है, जिसमें मामले की जांच सीबीआई से कराने की मांग की जाएगी। सीनियर एडवोकेट ने कहा कि ट्विशा के दोबारा पोस्टमार्टम की मांग को भोपाल कोर्ट पहले ही खारिज कर चुकी है। उन्होंने कहा कि देश के प्रतिष्ठित एम्स संस्थान में डॉक्टरों की टीम द्वारा पोस्टमार्टम किया गया था, जिसकी वीडियोग्राफी भी कराई गई है। इसमें किसी प्रकार की त्रुटि नहीं है।