नई दिल्ली. आप नेता राघव चड्ढा ने भाजपा छोडऩे के बाद एक प्रेस कांन्फ्रेंस में कहा, जिस आप को मैंने 15 सालों तक अपने खून से सींचा वह अपने मार्ग से हट गई है. अब यह देशहित के लिए नहीं बल्कि अपने निजी फायदों के लिए काम कर रही है... मैं आप से दूर जा रहा हूं और जनता के पास आ रहा हूं... हम सभी ने मिलकर इस पार्टी को दिल्ली, पंजाब और देश के अन्य राज्यों तक पहुंचाने का प्रयास किया था.
आप नेता संदीप पाठक ने कहा, मैंने अपने जीवन में नहीं सोचा था कि ये स्थिति आएगी पर ये आई. 10 साल से इस पार्टी से मैं जुड़ा रहा और आज मैं ्र्रक्क से अपने रास्ते अलग कर रहा हूं. आप नेता राघव चड्ढा ने कहा, हम भाजपा में विलय कर रहे हैं. पिछले 12 सालों में भाजपा की केंद्र सरकार ने प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में कई ऐसे फैसले लिए हैं जो कि आज से पहले कई नेता लेने से डरते थे. इस नेतृत्व पर जनता ने एक बार नहीं बल्कि 3 बार मुहर लगाई है. हम प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में देश के लिए काम करेंगे..
राज्यसभा में आप के पास 10 सांसद हैं
राघव चड्ढा ने टिप्पणी करते हुए खुद को गलत पार्टी में सही आदमी बताया. उन्होंने कहा कि पार्टी के अंदर अब वे घुटन को महसूस कर रहे थे. पार्टी का मौजूदा स्वरूप उसके शुरुआती सिद्धांतों से बिल्कुल मेल नहीं खा रहा था. राघव चड्ढा ने कहा कि हमारे साथ दो तिहाई आप के राज्यसभा सांसद हैं. उन्होंने साइन भी किया गया है. इसमें हरभजन सिंह, स्वाति मालीवाल, राजेंद्र गुप्ता, संदीप पाठक और अशोक मित्तल समेत कई नेताओं राघव चड्ढा के साथ शामिल होने वाले हैं. राज्यसभा में आप के पास 10 सांसद हैं. 7 पंजाब से और 3 दिल्ली से हैं.
आप का पलटवार : पंजाब की जनता को इन 7 नामों को याद रखना चाहिए
वहीं आप सांसद संजय सिंह ने पलटवार करते हुए कहा-भाजपा ने पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व वाली आप सरकार की ओर से किए गए अच्छे कार्यों में बाधा डालने का काम किया है. आप के 7 राज्यसभा सांसद भाजपा में शामिल हो रहे हैं, पंजाब की जनता को इन 7 नामों को याद रखना चाहिए. पंजाब की जनता इन्हें कभी नहीं भूलेगी. राघव को हमने विधायक से सांसद बनाया. पंजाब के साथ इन्होंने गद्दारी की, गद्दारी करने वालों को जनता माफ नहीं करेगी. सातों लोगों ने पंजाब की पीठ पर छुरा घोंपा है. आम आदमी पार्टी के 7 सांसद तोड़े गए.
