जबलपुर. मध्य प्रदेश के पूर्व मंत्री और जबलपुर के पाटन विधानसभा से विधायक अजय बिश्नोई का कहना है कि उनके सुझाव की वजह से सरकार की बारदाना खरीद में 60-70 करोड़ की बचत हो गई. अजय बिश्नोई का कहना है कि जो बारदाना 37.20 रुपए में खरीदा जाना चाहिए था उसे खरीदने के लिए अधिकारियों ने 54.20 रुपए की तैयारी कर ली थी. प्रदेश भर में बड़े पैमाने पर गेहूं खरीदी के लिए बारदाना खरीद जाना है.
मध्य प्रदेश सरकार के पूर्व मंत्री अजय बिश्नोई का कहना है, पिछले दिनों में मध्य प्रदेश के मुख्य सचिव अनुराग जैन के पास किसी काम से गए हुए थे. वहां उन्हें जानकारी लगी कि मध्य प्रदेश में गेहूं खरीदी के लिए बारदाना 54.20 के रेट सहित खरीदा जा रहा है. अजय बिश्नोई का कहना है कि जैसे ही उन्हें इस बात की जानकारी मिली उन्होंने तुरंत इस विषय पर आपत्ति जताई. उनका कहना है कि यह रेट बहुत ज्यादा है. प्रदेश के मुख्य सचिव अनुराग जैन ने तुरंत बारदाना खरीदी की प्रक्रिया को रोक दी. अजय बिश्नोई का कहना है कि यही बारदाना अब 37.20 में खरीदा जाएगा और शासन को लगभग 80 करोड़ रुपए की बचत होगी.
अजय बिश्नोई ने बताया, जूट का ज्यादातर उत्पादन बांग्लादेश में होता है. भारत में इसका ज्यादा उत्पादन पश्चिम बंगाल में होता है. बांग्लादेश के साथ हमारे संबंध बहुत अच्छे नहीं हैं, इसलिए वहां से पर्याप्त मात्रा में जूट के बैग नहीं आ पा रहे हैं. पश्चिम बंगाल में उत्पादन उतना अधिक नहीं है कि पूरे देश की बारदाने की मांग को पूरी हो सके. इसलिए सरकार ठीक-ठाक क्वालिटी का पुराना बारदाना खरीद रही है और पुराना बारदाना 54 में बहुत महंगा है.
कांग्रेस नेता जीतू पटवारी ने भी सरकार पर सादा निशाना
इस मामले में कांग्रेस नेता जीतू पटवारी ने भी बयान जारी करके कहा है कि भारतीय जनता पार्टी सरकार में कितना भ्रष्टाचार है कि भाजपा नेताओं को सामने आकर इसे रोकने की जरूरत पड़ रही है. इस पर अजय बिश्नोई का कहना है कि यह संवेदनशील सरकार है. और यदि भ्रष्टाचार था और हमने उस पर आपत्ति उठाई तो वह रुक भी गया.
