जबलपुर/नरसिंहपुर. पश्चिम मध्य रेलवे के जबलपुर रेल मंडल अंतर्गत नरसिंहपुर के रेलवे अस्पताल में गुरुवार 5 मार्च को एचपीवी (ह्यूमन पेपिलोमा वायरस) टीकाकरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान लोगों को एचपीवी वैक्सीन के महत्व और इसके लाभों के बारे में जागरूक किया गया। वर्तमान में यह वैक्सीन सभी सरकारी अस्पतालों में मुफ्त उपलब्ध है।
एचपीवी वैक्सीन सर्वाइकल कैंसर से बचाव में प्रभावी
रेलवे चिकित्सक डॉ. आर.आर. कुर्रे ने बताया कि ह्यूमन पेपिलोमा वायरस (एचपीवी) सर्वाइकल कैंसर (गर्भाशय ग्रीवा के कैंसर) का एक प्रमुख कारण है। एचपीवी वैक्सीन को सर्वाइकल कैंसर से बचाव का सबसे प्रभावी तरीका माना जाता है। यह वैक्सीन सर्वाइकल कैंसर के अतिरिक्त पांच अन्य प्रकार के कैंसर से भी सुरक्षा प्रदान करती है। डॉ. कुर्रे ने स्पष्ट किया कि यह वैक्सीन कैंसर का इलाज नहीं है, बल्कि इससे बचाव का एक महत्वपूर्ण माध्यम है। किशोरियों को कम उम्र में टीका लगाने का मुख्य उद्देश्य उनके शरीर में पर्याप्त एंटीबॉडी विकसित करना है, ताकि भविष्य में वे एचपीवी संक्रमण से सुरक्षित रह सकें।
9-14 वर्ष की किशोरियों के लिए एचपीवी वैक्सीन प्रभावी
उन्होंने यह भी बताया कि 9 से 14 वर्ष की आयु की किशोरियों के लिए एचपीवी वैक्सीन सर्वाधिक प्रभावी होती है। 15 वर्ष से कम आयु के बच्चों को इसकी दो खुराकें दी जाती हैं, जबकि 15 वर्ष या उससे अधिक आयु के व्यक्तियों को तीन खुराकें लेने की सलाह दी जाती है। डॉ. कुर्रे के अनुसार, यह वैक्सीन पुरुषों में भी प्रभावी हो सकती है, क्योंकि यह ह्यूमन पेपिलोमा वायरस के खिलाफ कार्य करती है।
एचपीवी टीकाकरण को लेकर जागरूकता अभियान
कार्यक्रम के दौरान, रेलवे अस्पताल और रेलवे स्टेशन परिसर में घोषणाओं के माध्यम से लोगों को एचपीवी वैक्सीन लगवाने के लिए प्रेरित किया गया। इसके अतिरिक्त, जिला अस्पताल के सहयोग से भारत सरकार के परिवार कल्याण विभाग द्वारा जारी जागरूकता संदेशों का भी प्रसारण किया गया।
