जबलपुर। शहर के देवताल स्थित शैलपर्ण उद्यान में आज कला और प्रकृति का अनूठा संगम देखने को मिलेगा। जबलपुर स्केचिंग समूह के बैनर तले शहर के दिग्गज और युवा चित्रकार सुबह 9 बजे से सामूहिक रूप से कैनवास पर अपनी कला उकेरेंगे। इस आयोजन की खास बात यह है कि चित्रकारी शुरू करने से पहले सभी कलाकार उद्यान परिसर में सफाई अभियान चलाकर स्वच्छता का संदेश भी देंगे। इस रचनात्मक गतिविधि में अवधेश बाजपेई, ब्रजमोहन आर्य, आकांक्षा ठाकुर, मनोज विश्वकर्मा और परेश दत्त तिवारी जैसे प्रतिष्ठित कलाकारों के साथ ललित कला महाविद्यालय के छात्र भी शामिल होंगे। दोपहर 12 बजे तक चलने वाले इस शिविर में कलाकार वॉटर कलर, ऑयल पेंटिंग और रेखांकन (स्केचिंग) के माध्यम से देवताल की सुंदरता को कागजों और कैनवास पर उतारेंगे। जबलपुर स्केचिंग समूह ने निर्णय लिया है कि संस्कारधानी की कलात्मक विरासत को बढ़ावा देने के लिए हर रविवार या छुट्टी के दिन शहर के विभिन्न ऐतिहासिक और प्राकृतिक स्थलों पर ऐसे आयोजन किए जाएंगे। समूह ने शहर के अन्य कला प्रेमियों और चित्रकारों को भी इस अभियान का हिस्सा बनने के लिए आमंत्रित किया है।
जबलपुर। शहर के देवताल स्थित शैलपर्ण उद्यान में आज कला और प्रकृति का अनूठा संगम देखने को मिलेगा। जबलपुर स्केचिंग समूह के बैनर तले शहर के दिग्गज और युवा चित्रकार सुबह 9 बजे से सामूहिक रूप से कैनवास पर अपनी कला उकेरेंगे। इस आयोजन की खास बात यह है कि चित्रकारी शुरू करने से पहले सभी कलाकार उद्यान परिसर में सफाई अभियान चलाकर स्वच्छता का संदेश भी देंगे। इस रचनात्मक गतिविधि में अवधेश बाजपेई, ब्रजमोहन आर्य, आकांक्षा ठाकुर, मनोज विश्वकर्मा और परेश दत्त तिवारी जैसे प्रतिष्ठित कलाकारों के साथ ललित कला महाविद्यालय के छात्र भी शामिल होंगे। दोपहर 12 बजे तक चलने वाले इस शिविर में कलाकार वॉटर कलर, ऑयल पेंटिंग और रेखांकन (स्केचिंग) के माध्यम से देवताल की सुंदरता को कागजों और कैनवास पर उतारेंगे। जबलपुर स्केचिंग समूह ने निर्णय लिया है कि संस्कारधानी की कलात्मक विरासत को बढ़ावा देने के लिए हर रविवार या छुट्टी के दिन शहर के विभिन्न ऐतिहासिक और प्राकृतिक स्थलों पर ऐसे आयोजन किए जाएंगे। समूह ने शहर के अन्य कला प्रेमियों और चित्रकारों को भी इस अभियान का हिस्सा बनने के लिए आमंत्रित किया है।
