जबलपुर। सिहोरा वन परिक्षेत्र में माफिया बेखौफ होकर संरक्षित वन क्षेत्र में अवैध उत्खनन किया जा रहा था, लेकिन जब तक वन विभाग की टीम मौके पर पहुंचती, रेत तस्कर मौके से फरार हो चुके थे, किंतु इस बार वन विभाग की टीम ने पूरी तैयारी के साथ घेराबंदी की और एक ट्रेक्टर चालक को पकड़ लिया है.
मुख्य वन संरक्षक मध्य वन वृत्त जबलपुर कमल अरोरा,वनमण्डलाधिकारी सामान्य वनमण्डल जबलपुर (सा.) ऋषि मिश्रा द्वारा सिहोरा में अवैध गतिविधियों एवं वन अपराधों की रोकथाम संबंधी सख्त निर्देश दिए थे। जिसके बाद वन परिक्षेत्र सिहोरा का अमला एक्शन मोड पर है। 5 जनवरी को वन विभाग की टीम को सूचना मिली कि बीट पिपरसरा, कक्ष क्रमांक पीएफ 29 (संरक्षित वन क्षेत्र) में अवैध रूप से रेत का उत्खनन किया जा रहा है। जिसके बाद टीम ने मौके पर छापे मारी करते हुए रेत का परिवहन करते हुए एक ट्रैक्टर को मौके पर ही पकड़ा। प्रारंभिक पूछताछ के दौरान संबंधित व्यक्ति द्वारा किसी भी प्रकार का वैध खनन अथवा अभिवहन दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किया गया। तत्पश्चात उक्त ट्रैक्टर को रेत सहित विधिवत जब्त कर वन परिक्षेत्र कार्यालय सिहोरा में सुरक्षित खड़ा कराया गया है।
प्रकरण में भारतीय वन अधिनियम, 1927 एवं म.प्र. अभिवहन (वनोपज) नियम 2022 की सुसंगत धाराओं के अंतर्गत वन अपराध प्रकरण पंजीबद्ध कर नियमानुसार आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। इस कार्रवाई में वन परिक्षेत्र सिहोरा एवं पनागर के वन अमले की सराहनीय भूमिका रही। वर्तमान में क्षेत्र में निरंतर गश्त की जा रही है तथा अवैध रेत उत्खनन एवं परिवहन के विरुद्ध सख्त एवं प्रभावी कार्रवाई सतत रूप से जारी है।
