जबलपुर। भेड़ाघाट थाना क्षेत्र के सहजपुर ओवरब्रिज के पास शनिवार को हुई महेंद्र साहू उर्फ डॉक्टर की अंधी हत्या का पुलिस ने पर्दाफाश कर दिया है। पुलिस ने इस मामले में कुल 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें दो सगे भाई भी शामिल हैं। हत्या की मुख्य वजह शराब पीने के दौरान हुई गाली-गलौज और मामूली विवाद सामने आई है।
गाली-गलौज पड़ी भारी
पुलिस नियंत्रण कक्ष में मामले का खुलासा करते हुए अधिकारियों ने बताया कि वारदात वाले दिन आरोपी एक स्थान पर बैठकर शराब पी रहे थे। इसी दौरान मृतक महेंद्र साहू वहां पहुंचा। किसी बात को लेकर महेंद्र का आरोपियों से विवाद हो गया और उसने उन्हें अपशब्द कह दिए। गाली-गलौज से आक्रोशित होकर आरोपियों ने महेंद्र को सबक सिखाने की योजना बनाई। जब महेंद्र अपनी खराब खड़ी स्कॉर्पियो के पास पहुंचा, तो आरोपियों ने उसे घेर लिया और धारदार हथियारों से हमला कर उसकी जान ले ली।
दो थानों की पुलिस ने की कार्रवाई
वारदात के बाद आरोपी फरार हो गए थे। पुलिस ने मुखबिरों और तकनीकी साक्ष्यों की मदद से घेराबंदी की। कार्रवाई के दौरान 3 आरोपियों को भेड़ाघाट क्षेत्र से और 4 आरोपियों को शहपुरा के खिरकाखेड़ा से गिरफ्तार किया गया। पकड़े गए आरोपियों से हत्या में प्रयुक्त हथियार और वाहन बरामद करने की प्रक्रिया जारी है।
गांव में 'डॉक्टर' के नाम से था मशहूर
जांच में सामने आया कि पाटन निवासी मृतक महेंद्र साहू पहले मेडिकल स्टोर पर काम करता था। दवाओं के ज्ञान के कारण वह ग्रामीणों का इलाज करने लगा था, जिससे गांव में लोग उसे 'डॉक्टर साहब' कहने लगे थे। वह ट्रेवल्स का काम भी करता था। शनिवार को उसकी गाड़ी खराब हो गई थी, जिसे सुधारने के लिए उसने मैकेनिक बुलाए थे। जब मैकेनिक सामान लेने जबलपुर गए, इसी बीच यह विवाद और हत्याकांड घटित हुआ।
