khabar abhi tak

एमपी : अंडों में मिला घातक बैक्टीरिया, खाद्य विभाग अलर्ट, 40 से ज्यादा सैंपल जांच के लिए भेजे

भोपाल. सर्दियों के मौसम में प्रोटीन के नाम पर आप जो अंडे खा रहे हैं, वे आपकी सेहत को काफी नुकसान पहुंचा सकते हैं। हाल ही में कर्नाटक की एक बड़ी कंपनी के अंडों में प्रतिबंधित एंटीबायोटिक नाइट्रोफ्यूरान के अवशेष पाए गए हैं। भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण (एफएसएसएआई) के निर्देश पर अब मध्यप्रदेश का खाद्य विभाग भी एक्शन मोड में आ गया है। प्रदेश के विभिन्न बाजारों से सर्विलांस नमूने लेकर प्रयोगशाला भेजे गए हैं ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि एमपी की थाली में जहर तो नहीं परोसा जा रहा।

मध्यप्रदेश में अंडों की शुद्धता को लेकर बड़ी जांच शुरू हो गई है। दरअसल, कर्नाटक की एगोज कंपनी के अंडों की जांच रिपोर्ट में नाइट्रोफ्यूरान नामक दवा के अवशेष मिले हैं। यह दवा भारत समेत कई देशों में प्रतिबंधित है। इसके बाद एफएसएसएआई ने पूरे देश में अंडों की सघन जांच के निर्देश दिए हैं।

रीवा, भोपाल सहित कई जिलों से अंडों की जांच

खाद्य एवं औषधि प्रशासन की टीम ने 8 जनवरी गुरूवार को खरगोन, रीवा और राजधानी भोपाल समेत कई शहरों में छापामार कार्रवाई की। टीम ने अब तक 40 से अधिक नमूने एकत्र किए हैं। अधिकारियों का कहना है कि यदि लैब रिपोर्ट में खतरनाक केमिकल की पुष्टि होती है, तो संबंधित विक्रेताओं और कंपनियों से लीगल सैंपलिंग की जाएगी। अकेले भोपाल और उसके आसपास के 200 किलोमीटर के दायरे में रोजाना 10 लाख अंडों की खपत होती है, जो चिंता का विषय है। भोपाल फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन के अनुसार, फिलहाल यह केवल एहतियाती जांच है। प्रदेश के लोग अभी घबराएं नहीं, रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी।

क्यों खतरनाक है नाइट्रोफ्यूरान

विशेषज्ञों के अनुसार नाइट्रोफ्यूरान एक घातक एंटीमाइक्रोबियल ड्रग है। यह मुर्गियों में बीमारी रोकने के लिए दिया जाता है, लेकिन इसके अवशेष अंडों के जरिए इंसानों के शरीर में पहुंच जाते हैं। सबसे डरावनी बात यह है कि यह केमिकल शरीर में जाकर टूटता  नहीं है, बल्कि जमा होता रहता है, जो आगे चलकर कैंसर जैसी घातक बीमारियों को जन्म देता है। यह एक कृत्रिम (सिंथेटिक) दवा है, जिसका इस्तेमाल संक्रमण रोकने के लिए मुर्गी, मछली और झींगा जैसे जीवों पर किया जाता था। हालांकि, सेहत के लिए इसके खतरों को देखते हुए भारत समेत दुनिया के कई देशों ने खाने-पीने वाले जीवों पर इस दवा के उपयोग को पूरी तरह बैन कर दिया है।

सेहत पर गंभीर असर 

विशेषज्ञों के अनुसार, नाइट्रोफ्यूरान युक्त अंडे खाने से लिवर और किडनी डैमेज होने का खतरा रहता है। यह पाचन तंत्र को बिगाडऩे के साथ-साथ इंसान के जीन पर भी बुरा असर डाल सकता है।


Post a Comment

Previous Post Next Post
khabar abhi tak
khabar abhi tak
khabar abhi tak