प्रयागराज. संगम नगरी प्रयागराज में दो सगे भाई समेत 4 लड़कों की तालाब में डूबने से मौत हो गई। मंगलवार शाम को चारों तालाब के पास खेल रहे थे। उसके बाद काफी देर तक घर नहीं लौटे तो परिजनों ने तलाश की, लेकिन, कुछ पता नहीं चला।
बुधवार 14 जनवरी की सुबह जब परिवार वाले तालाब के पास पहुंचे तो चप्पल और कपड़े मिले। जाल डालकर सर्च कराया तो सभी के शव मिल गए। इसके बाद परिवारों में कोहराम मच गया। हादसा पूरामुफ्ती थाना क्षेत्र के सल्लाहपुर के पास कुसुआ गांव में हुआ है। मृतकों में 3 नाबालिग और एक 19 साल का लड़का है।
पुलिस ने बताया कि मृतकों की शिनाख्त मनौरी के हुसैनपुर के अहमदपुर पावन गांव के 19 साल के करन पुत्र राजेश सोनकर, 10 साल के प्रियांशु पुत्र संजीव और दो सगे भाई 10 साल का प्रिंस और 13 साल के प्रतीक के तौर पर हुई है। पुलिस ने शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है।
चारों बच्चे मंगलवार से लापता थे
चाचा रंजीत सोनकर ने बताया- मेरे चार भतीजे हैं। मंगलवार शाम को करीब साढ़े 3 बजे से गायब थे। उन्हें रात में 2 बजे तक खोजते रहे। गांव में भी खोजा। मेले में भी जाकर पता किया लेकिन कुछ पता नहीं चला। हमारे साथ गांव के लोग भी थे। जब कुछ पता नहीं चला तो घर आ गए। बुधवार सुबह फिर से उन्हें खोजने निकले। करीब 2 किलोमीटर दूर सुबह 9 से साढ़े 9 के बीच गांव के तालाब के पास कुछ कपड़े मिले और चप्पल मिले तो हम लोगों को शक हुआ।
अवैध खनन के चलते बना गड्ढा
ग्रामीणों का कहना है कि मनोरी रेलवे स्टेशन के नए भवन के ठीक पीछे घटना हुई। गांव के बाहर जेसीबी से मिट्टी लगाकर खुदाई कराई गई है। इस वजह से वहां बड़ा गड्ढा हुआ था। इसी में पानी भर जाने से सभी बच्चे डूबे हैं।
