रीवा/सूरत. बिना टिकट पकड़े गये मध्य प्रदेश के रीवा के एक व्यक्ति ने मामूली जुर्माना से बचने के लिए एमपी के डिप्टी सीएम के नाम से सूरत रेलवे स्टेशन स्थित आरपीएफ थाना के सब इंस्पेक्टर को फोन लगाकर छोडऩे का निर्देश दिया। मामले की जब जांच की गई तो, जब सच्चाई सामने आयी तो लोग व्यक्ति की हरकत पर आश्चर्य चकित रहे गये।
घटना के संबंध में बताया जाता है कि एमपी के रीवा निवासी रंजीत यादव नामक एक यात्री को बिना टिकट यात्रा करते हुए पकड़ा गया. सूरत स्टेशन पर ड्यूटी पर मौजूद आरपीएफ उपनिरीक्षक कुलदीप सिंह उस पर नियमानुसार जुर्माना लगा रहे थे, तभी यादव ने एक कॉल किया और खुद को डिप्टी सीएम का परिचित बताकर रौब झाडऩा शुरू कर दिया. इसके बाद, मामले को और उलझाने के लिए एक दूसरा कॉल आया. फोन करने वाले ने खुद को डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ला बताते हुए सख्त लहजे में उपनिरीक्षक को धमकाया और रंजीत यादव को तुरंत छोडऩे का आदेश दिया.
हालांकि अधिकारी कुलदीप सिंह को कुछ गड़बड़ लगी. उन्होंने शांत दिमाग से जांच पड़ताल की, और जो सामने आया, उसने सबके होश उड़ा दिए.पता चला कि फोन पर डिप्टी सीएम की नकल कर धमकी देने वाला कोई और नहीं, बल्कि खुद रंजीत यादव ही था. एक छोटे से जुर्माने से बचने के लिए रंजीत ने अपनी ही चालबाजी से खुद को बुरी तरह फँसा लिया. जांच के दौरान, रंजीत यादव ने आखिरकार अपना अपराध कबूल कर लिया.आरपीएफ ने तुरंत आरोपी को गिरफ्तार कर लिया और कानूनी कार्रवाई के लिए उसे जीआरपी के हवाले कर दिया.
