जबलपुर। संजीवनीनगर के एक एटीएम तोड़ने का प्रयास करने वाली एक महिला और अन्य नाबालिग को पुलिस ने सीखचों के पीछे डाल दिया है। पुलिस ने छानबीन में यह पाया है कि नाबालिग के स्कूल की फीस भरने के लिए यह प्रयास किया गया था। इस वारदात को अंजाम देने के लिए नाबालिक ने इंटरनेट से एटीएम तोड़ने का आइडिया लिया था, जिसके बाद वे चोरी वारदात को अंजाम देने पहुंचे थे।
संजीवनीनगर पुलिस ने बताया कि संजीवनी नगर स्थित एसबीआई शाखा में एटीएम तोड़फोड़ और चोरी के प्रयास का खुलासा हो गया है। पुलिस ने बताया कि आरोपियों में कक्षा 11वीं का एक नाबालिग और उसकी मौसी भारती मेहरा शामिल है। महिला अपनी बहन के घर आई थी, जहां उसे पता चला कि भांजे की स्कूल फीस जमा नहीं हुई है और उसका नाम कट सकता है। इसी चिंता में उसने भांजे के साथ एटीएम तोड़कर पैसे निकालने की योजना बनाई।
29-30 अगस्त की मध्यरात्रि दोनों ने एटीएम में घुसकर रुपये निकालने की कोशिश की, लेकिन असफल रहे। पकड़े जाने से बचने के लिए तीन सीसीटीवी कैमरे भी तोड़कर ले गए। संजीवनी नगर पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और तलाशी के आधार पर महिला व नाबालिग को गिरफ्तार कर लिया है। महिला ने पहले पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की, लेकिन साक्ष्य दिखाने पर उसने अपराध स्वीकार कर लिया।
पुलिस का कहना है कि नाबालिग के पिता की मृत्यु पहले हो चुकी है, मां भी इधर-उधर रहती है। बेटा को नाना-नानी के खर्च देते थे। मौसी के घर रहकर लालन-पालन हो रहा था। पुलिस के मुताबिक आरोपी घटनास्थल के एटीएम से कुछ ही दूरी पर रहते हैं।
