जबलपुर/शहडोल. स्टेट टाइगर स्ट्राइक फोर्स (एसटीएसएफ) मध्य प्रदेश की क्षेत्रीय इकाई जबलपुर को बाघ के शिकारियों को पकडऩे में बड़ी सफलता मिली है. जिसे शहडोल जिले के ब्यौहारी से दबोच लिया गया है. टाइगर स्ट्राइक फोर्स को शेरू पारधी की लंबे समय से तलाश थी. इसे बड़ी कामयाबी माना जा रहा है, क्योंकि कहा जा रहा है कि शेरू पारधी के तार बाघ के अंगों की तस्करी में विदेशों तक फैले थे और देश के कई राज्यों की एजेंसी को इसकी तलाश थी.
मध्य प्रदेश के बालाघाट में बाघ का शिकार कर उसकी खाल एवं हड्डियों की विदेशों तक तस्करी करने वाले संगठित गिरोह पर कार्रवाई की गई है. मध्य प्रदेश स्टेट टाइगर स्ट्राइक फोर्स की क्षेत्रीय इकाई जबलपुर, बालाघाट में बाघ के शिकार मामले में विवेचना कर रही है. इसी दिशा में बड़ी कामयाबी मिली है, लगभग डेढ़ साल से फरार कुख्यात शिकारी को शहडोल से किया गिरफ्तार किया गया है.
5 राज्यों से 8 आरोपी गिरफ्तार
इस मामले में अब तक टोटल 8 आरोपी पांच राज्यों मध्य प्रदेश, पंजाब, हिमाचल प्रदेश, मिज़ोरम और मेघालय से गिरफ्तार किए जा चुके हैं. इस प्रकरण की विवेचना में पाया गया कि, एक संगठित गिरोह तस्करी में लिप्त है. होशियारपुर (पंजाब), सोनीपत (हरियाणा), बद्दी (हिमाचल) एवं कटनी (मध्य प्रदेश) के निवासी बाघ का शिकार करने में माहिर एवं सक्रिय रहते हैं. इन लोगों ने महाराष्ट्र, तेलंगाना, उत्तराखंड, मध्य प्रदेश एवं अन्य राज्यों में साल 2024-25 में भारी मात्रा में बाघ का शिकार किया था. बाघ की हड्डियों व अन्य अवयवों को मेघालय असम और मिजोरम के निवासी कुछ तस्करों को बेच दिया था. जहां से म्यांमार के सरगना से अवैध व्यापार किया गया पाया. जिसे आगे चीन एवं अन्य देशों में भेजे जाने की संभावना है.
ऐसे पकडाया शेरू पारधी
इसी प्रकरण में फरार शिकारी शेरू पारधी को पकडऩे के लिए मुखबिर तंत्र विकसित किया गया. उनसे मिली सूचना के आधार पर दल गठित कर 4 सितंबर को शहडोल के आसपास के क्षेत्रों में भेजा गया. पुलिस ने ब्योहारी से शेरू पारधी और उसकी पत्नी को गिरफ्तार कर लिया. आरोपी शेरु पारधी उर्फ शेरु सिंह कटनी जिले का रहने वाला है. उसकी पत्नी बिनौरी बाई को सह आरोपी बनाया गया है. दोनों आरोपी किसी वन्यजीव के शिकार करने की फिराक में थे. आरोपियों के पास से छुरी, चाकू, कुल्हाड़ी एवं पक्षी पकडऩे का जाल जप्त किया गया है. 5 सितंबर को दोनों आरोपियों को विशेष न्यायालय जबलपुर में पेश किया गया है. 5 दिन की फॉरेस्ट रिमांड पर लेकर पूछताछ की जा रही है.
जबलपुर और लोकल पुलिस ने कई कई दिन रेकी
डीएफओ श्रद्धा पेंद्रे ने बताया कि, भोपाल की टाइगर स्ट्राइक फोर्स है जिसकी एक यूनिट जबलपुर में है. जबलपुर के एसटीएफ ने एक प्रकरण पंजीबद्ध किया था. इस प्रकरण में एक आरोपी शेरू पारधी है जो कि कटनी का निवासी है. उसका लोकेशन शहडोल धनपुरी बुढार में मिला. वहां से जब टीम को जानकारी लगी तो जबलपुर की टीम यहां आई और हमारे लोकल बुढार की टीम के सहयोग से उसकी रेकी करना शुरू की. धनपुरी बुढार शहडोल होते हुए दो-तीन दिन योजना बद्ध तरीके से उसकी रेकी की गई. टीम ने उसे ब्यौहारी में जाकर अरेस्ट कर लिया.
