जबलपुर। सदर के गैरिसन ग्राउंड में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के भव्य कार्यक्रम की तैयारियां चल रही थीं, जो अचानक आए तेज हवा के झोंके के कारण बड़े हादसे में बदल गईं। मंच निर्माण के दौरान अचानक चली तेज आंधी से वहां लगाया जा रहा भारी-भरकम 'योगमय मध्य प्रदेश' का प्लाईवुड का बोर्ड और स्टेज का शेड भरभराकर नीचे गिर गया। इस दुर्घटना में वहां काम कर रहे 2 मजदूर और 1 अन्य कार्यकर्ता गंभीर रूप से मलबे के नीचे दब गए। मलबे में दबने के कारण भोपाल निवासी कार्यकर्ता साजिब खान के पेट में गंभीर अंदरूनी चोटें आई हैं, जबकि नीचे काम कर रहे 2 अन्य मजदूरों को भी शरीर के विभिन्न हिस्सों में हल्की चोटें लगी हैं। घटनास्थल पर मौजूद लोगों ने तत्परता दिखाते हुए सभी घायलों को तुरंत रेस्क्यू कर इलाज के लिए नजदीकी अस्पताल पहुंचाया।
हवा के झोंके से गिरा शेड
गैरिसन ग्राउंड में योग दिवस के मुख्य आयोजन के लिए विशाल और आकर्षक मंच तैयार किया जा रहा था। कार्यक्रम की पूर्व संध्या पर मजदूर पूरी लगन के साथ स्टेज के ऊपरी हिस्से में लोहे और टिन से निर्मित शेड को व्यवस्थित करने में जुटे थे। इसी दौरान अचानक मौसम का मिजाज बदला और हवा का एक बेहद तेज झोंका आया। हवा का दबाव इतना अधिक था कि निर्माणाधीन शेड उसे झेल नहीं पाया और सीधे नीचे आ गिरा। इस शेड के ठीक नीचे खड़े होकर काम कर रहे 2 मजदूर इसकी चपेट में आ गए। शेड की भारी पत्तियां और पाइप उनके ऊपर गिरने से दोनों मजदूरों को शरीर में कई जगह चोटें आई हैं। वहां उपस्थित अन्य सहकर्मियों ने तुरंत भारी मलबे को हटाकर दोनों को बाहर निकाला।
प्लाई का बोर्ड गिरने से हादसा
मुख्य मंच के दाहिनी तरफ एक बड़ा और भारी प्लाईवुड का बोर्ड लगाया जा रहा था, जिस पर 'योगमय मध्य प्रदेश' का मुख्य संदेश लिखा हुआ था। इस विशालकाय बोर्ड को खड़ा करते समय ही हवा के उसी तेज झोंके ने इसे पीछे से टक्कर मारी। संतुलन बिगड़ने के कारण यह भारी बोर्ड सीधे वहां काम कर रहे भोपाल निवासी कार्यकर्ता साजिब खान के ऊपर पलट गया। साजिब खान पूरी तरह से बोर्ड के वजन के नीचे दब गए। वहां मौजूद सुरक्षाकर्मियों और अन्य कार्यकर्ताओं ने आनन-फानन में बोर्ड को उठाकर साजिब को मुक्त कराया। इस हादसे में साजिब के पेट में गहरी अंदरूनी चोट आई है, जिसके कारण उन्हें अत्यधिक दर्द की शिकायत होने पर तुरंत चिकित्सकीय देखरेख में भेजा गया। फिलहाल कार्यक्रम स्थल पर सुरक्षा व्यवस्था को दोबारा परखा जा रहा है।
