खुफिया सूचना लीक करने वाले सरकारी भेदियों की तलाश में जुटी पुलिस, 2 जेसीबी, ट्रैक्टर-ट्रॉली और 10 चक्का हाइवा को पुलिस ने किया था जब्त
जबलपुर। गोसलपुर थाना अंतर्गत हिरन नदी में खनिज, राजस्व और पुलिस विभाग की संयुक्त टीम ने रेत के अवैध उत्खनन पर बड़ी छापामार कार्रवाई की है। इस कार्रवाई के दौरान मौके से 2 जेसीबी मशीनें, रेत से आधा भरा 10 चक्का हाइवा और रेत से भरी 1 ट्रैक्टर-ट्रॉली जब्त की गई है। पुलिस की पूछताछ में खुलासा हुआ है कि रेत माफियाओं और उनके गुर्गों को हर-हर नर्मदे नाम के व्हाट्सएप ग्रुप के माध्यम से अधिकारियों के आने की सूचना पहले ही मिल जाती थी। यह पूरा अवैध कारोबार योगेन्द्र उर्फ छोटू सिंह और गोलू उर्फ बलराम सिंह राजपूत के इशारे पर संचालित हो रहा था। अधिकारियों को कार्रवाई से रोकने के लिए आरोपियों ने कच्चे रास्ते पर पानी डलवाकर उसे खराब कर दिया था। इस मामले में पुलिस ने कुल 8 आरोपियों के खिलाफ नामजद प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
रास्ते में पानी डालकर टीम को रोकने का प्रयास
खिज्री ग्राम में जब प्रशासन की संयुक्त टीम छापेमारी के लिए आगे बढ़ रही थी, तब रेत माफिया के गुर्गों ने सोची-समझी साजिश के तहत कच्चे रास्ते पर पानी डालकर उसे पूरी तरह कीचड़ में बदल दिया। ऐसा इसलिए किया गया ताकि भारी वाहन और अधिकारियों की गाड़ियां मौके तक न पहुंच पाएं और उन्हें उत्खनन बंद करने या भागने का समय मिल सके। पूछताछ में आरोपी मनीष ने स्वीकार किया कि योगेन्द्र उर्फ छोटू सिंह के कहने पर उसने रास्ते को जानबूझकर खराब किया था ताकि टीम कार्रवाई न कर सके। इसके बावजूद टीम ने मुस्तैदी दिखाते हुए मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की और अवैध परिवहन में लगे वाहनों को अपनी कस्टडी में ले लिया।
व्हाट्सएप से जुड़े थे रेत उत्खनन व परिवहन के तार
पुलिस की गिरफ्त में आए प्रहलाद उर्फ सोनू बर्मन, मोहम्मद रहमान बहना और मोहित बर्मन ने कई चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। आरोपियों ने बताया कि शुभम पटेल, अरुण प्रताप उर्फ सोनू भदोरिया और बलराम उर्फ गोलू सिंह राजपूत जैसे मुख्य आरोपी एक हर-हर नर्मदे नामक व्हाट्सएप ग्रुप के जरिए आपस में जुड़े हुए थे। इस ग्रुप में सरकारी विभागों की हर हलचल और छापामार टीम के रवाना होने की लाइव लोकेशन साझा की जाती थी। जेसीबी ऑपरेटरों ने बताया कि वे मोबाइल मालिक शुभम पटेल, अरुण प्रताप और कौशल बर्मन के निर्देश पर ही हिरन नदी से रेत निकालने का काम कर रहे थे।
इन 8 आरोपियों पर पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा
पुलिस ने जांच और पूछताछ के बाद इस अवैध नेटवर्क से जुड़े कुल 8 लोगों को नामजद आरोपी बनाया है। इन आरोपियों में जेसीबी ऑपरेटर मोहम्मद रहमान बहना, मोहित बर्मन, जेसीबी मालिक अरुण प्रताप उर्फ सोनू भदोरिया, शुभम पटेल, ट्रैक्टर मालिक कौशल बर्मन उर्फ गोलू सिंह, योगेन्द्र उर्फ छोटू सिंह, प्रहलाद उर्फ सोनू बर्मन और बलराम उर्फ गोलू सिंह राजपूत शामिल हैं। पुलिस अब इस बात की गहराई से तफ्तीश कर रही है कि सरकारी महकमे या स्थानीय स्तर पर वह कौन सा व्यक्ति है जो इन माफियाओं को व्हाट्सएप पर गोपनीय सूचनाएं लीक करता था।
