जबलपुर। जिले में लोक सेवा गारंटी अधिनियम के तहत आम लोगों को तय समय पर सेवाएं नहीं देने के कारण कलेक्टर राघवेंद्र सिंह ने कड़ा कदम उठाते हुए 22 अधिकारियों और कर्मचारियों पर कुल 34500 रुपये का जुर्माना लगाया है। इस बड़ी कार्रवाई की जद में एसडीएम मोनिका बाघमारे, अतिरिक्त तहसीलदार भीमसेन पटेल और आदित्य जंघेला समेत कई ग्राम पंचायत सचिव आए हैं। दंडित सचिवों में संदीप सिंह ठाकुर, आशीष कुमार दुबे, गणेश प्रसाद पटेल, थम्मन सिंह पटेल, भगवानदास ठाकुर, शिवाजी पटेल, प्रहलाद पटेल, क्रांतिभाई राजपूत, ब्रजेश पटेल, जितेंद्र पाठक, देवेंद्र कुमार, सुशीला वरकड़े, रामप्रसाद तिलगाम, प्रमोद कुशराम, करन सिंह, कमल मरावी, जियालाल मार्को, सविता मांझी और कल्पना पूसाम शामिल हैं। इन सभी पर 250 रुपये से लेकर 5000 रुपये तक का अर्थदंड लगाया गया है।
जुर्माना राशि जमा न करने पर वेतन से होगी कटौती
प्रशासन द्वारा जारी आदेश के अनुसार सभी दोषी कर्मचारियों को जुर्माने की यह रकम 5 दिन के भीतर सरकारी खाते में जमा करानी होगी। भुगतान के लिए साइबर ट्रेजरी का उपयोग करना होगा और पैसे जमा करने के बाद उसकी रसीद की एक प्रति लोक सेवा प्रबंधन विभाग को सौंपनी होगी। यदि कोई कर्मचारी निश्चित समय में यह राशि जमा नहीं करता है, तो प्रशासन उनके मासिक वेतन से इस राशि को काट लेगा। यह सख्त निर्देश प्रशासनिक कार्यप्रणाली को सुधारने के उद्देश्य से दिया गया है। विभिन्न क्षेत्रों में कार्यरत इन प्रभारियों पर लापरवाही का अलग-अलग स्तर पर जुर्माना तय किया गया है। अधिकारियों में रांझी की एसडीएम मोनिका बाघमारे पर 1000 रुपये, वहीं के अतिरिक्त तहसीलदार भीमसेन पटेल पर 250 रुपये और गोरखपुर के अतिरिक्त तहसीलदार आदित्य जंघेला पर 500 रुपये का दंड लगा है। पंचायत सचिवों में सबसे ज्यादा जुर्माना सिहोरा की कुशयारी पंचायत के संदीप सिंह ठाकुर और कुंडम की भैंसवाही पंचायत के जियालाल मार्को पर 5000-5000 रुपये लगाया गया है। इसके अलावा बिलपठार के थम्मन सिंह पटेल पर 3750 रुपये तथा मोहनी की कल्पना पूसाम पर 3000 रुपये का जुर्माना हुआ है। इसी तरह कुंडम की महगवां पंचायत की सविता मांझी पर 2500 रुपये, जामगांव के प्रमोद कुशराम पर 2000 रुपये और जबलपुर जनपद की कुकुरी खेड़ा पंचायत के जितेंद्र पाठक पर 1750 रुपये का अर्थदंड लगा है। कुंडम के ही मड़ईकला पंचायत के रामप्रसाद तिलगाम और बिलटुकरी के कमल मरावी पर भी 1750-1750 रुपये की कार्रवाई हुई है। शहपुरा की उमरिया पंचायत के गणेश प्रसाद पटेल और मझौली की सिहोदा पंचायत के क्रांतिभाई राजपूत पर 1000-1000 रुपये का जुर्माना तय किया गया है। कम राशि के जुर्माने वाले कर्मचारियों में प्रतापपुर के आशीष कुमार दुबे और चरगवां पुरानी के भगवानदास ठाकुर पर 750-750 रुपये का दंड लगा है। पनागर की उमरिया पथरा के शिवाजी पटेल, मझौली के कंजई के ब्रजेश पटेल, कुंडम की गौरी पंचायत के देवेंद्र कुमार, जैतपुरी की सुशीला वरकड़े और डोली के करन सिंह पर 500-500 रुपये का जुर्माना हुआ है। सबसे कम जुर्माना पनागर की पड़री पंचायत के सचिव प्रहलाद पटेल पर 250 रुपये लगा है। इस कार्रवाई से पूरे प्रशासनिक अमले में हड़कंप मच गया है।
