khabar abhi tak

एमपी : स्कूलों में डिंडौरी कांग्रेस विधायक ने बंटवाई अपने नाम की कुर्सी -टेबल, प्रभारी मंत्री ने दिये जांच के आदेश

डिंडोरी. मध्य प्रदेश के डिंडोरी में विधायक निधि के दुरुपयोग का एक अजब मामला सामने आया है. कांग्रेस विधायक ओंकार सिंह मरकाम ने स्कूल-कॉलेज में अपना नाम लिखी कुर्सी टेबल बंटवा दी. हर कुर्सी टेबल पर बड़े-बड़े अक्षरों में विधायक का नाम लिखा है. अब इस मामले की शिकायत जिला प्रशासन को की गई है. प्रभारी मंत्री ने इस मामले के जांच के आदेश दिए हैं.

उल्लेखनीय है कि राज्य सरकार हर विधायक को एक निश्चित राशि देती है यह पैसा विधायक निधि के नाम से जाना जाता है. इस पैसे का इस्तेमाल विधायक जनता की मांग पर जनहित के कामों में निर्माण कार्यों के लिए कर सकता है. लेकिन यह पैसा टेंडर के माध्यम से बुलाए गए काम में ही खर्च किया जाता है.

डिंडोरी जिले में डिंडोरी विधानसभा के कांग्रेस विधायक ओमकार सिंह मरकाम ने अपनी विधानसभा में लगभग ढाई करोड़ रुपए की लागत से स्कूल-कॉलेजों के के लिए 1000 से अधिक संख्या में टेबल कुर्सियां खरीदी हैं. यहां तक सब कुछ ठीक था लेकिन उन्होंने जो टेबल-कुर्सी खरीदी है उसमें उन्होंने अपना नाम लिखा स्टीकर लगवा दिए हैं. हर कुर्सी और टेबल पर बड़े-बड़े अक्षरों में ओंकार सिंह मरकाम का नाम लिखा हुआ है. इन कुर्सी टेबलों की संख्या हजारों में है जिसे हर स्कूल और कॉलेज में भेजा गया है.

डिंडोरी के सरकारी कॉलेज के प्राध्यापक राजेश त्रिपाठी का कहना है कि उनके कॉलेज में भी काफी संख्या में कुर्सी टेबल आई हैं हालांकि उन्हें इनकी जरूरत नहीं थी. पहले हमें पुरानी कुर्सी टेबल को अलग करना पड़ा और विधायक की दी हुई कुर्सी टेबल लगानी पड़ी. विधायक ने कहा, विधायक निधि के कामों में विधायक अपना नाम लिखवाता है इसमें कुछ भी गलत नहीं

एमएलए मरकाम ने ये कहा

विधायक ओमकार मरकाम का कहना है कि हमने जनहित का काम किया है मैंने कई स्कूलों में देखा था कि बच्चे जमीन पर बैठकर पढ़ रहे हैं. इसलिए मैंने कुर्सी टेबल दी हैं. जहां तक कुर्सी टेबल पर नाम दर्ज होने की बात है तो विधायक निधि का पैसा है और मैं खर्च कर रहा हूं तो विधायक निधि के कामों में विधायक अपना नाम लिखवाता है इसमें कुछ भी गलत नहीं है.

बीजेपी नेताओं ने जताई आपत्ति 

भारतीय जनता पार्टी के स्थानीय नेताओं ने इसे आपत्तिजनक बताया है. उनका कहना है कि सरकारी पैसे का उपयोग चुनाव प्रचार में नहीं होना चाहिए. जिस तरीके से टेबल कुर्सी पर विधायक ने अपना नाम दर्ज करवाया है इससे स्पष्ट होता है कि वे स्कूल और कॉलेज में अपने नाम का प्रचार करवा रहे हैं. चुनाव के वक्त ओंकार सिंह मरकाम के नाम की सभी कुर्सी टेबल पर पेंट करवाना पड़ेगा. वह खर्चा कौन देगा.

प्रभारी मंत्री ने कहा, जनप्रतिनिधि को ऐसा काम नहीं करना चाहिए

इस मामले की शिकायत जिला प्रशासन से की गई है. जिला कलेक्टर ने एक जांच समिति भी बना दी है. वहीं डिंडोरी जिले की प्रभारी मंत्री प्रतिमा बागड़ी का कहना है कि जनप्रतिनिधि को ऐसा काम नहीं करना चाहिए था यदि इसमें नियम तोड़े गए हैं तो इस मामले की जांच की जाएगी.

Post a Comment

Previous Post Next Post
khabar abhi tak
khabar abhi tak
khabar abhi tak