जबलपुर. रेलवे के पुल नंबर 1 से कांचघर रोड के हालात इन दिनों किसी नरक से कम नहीं है। पाइप लाइन बिछाने खोदे गड्ढों के मलबे से जहां मनमर्जी के काम के चलते जहां लोगों की नालियों में मिट्टियां भर दी गई हैं. वहीं गड्ढों के मलबे में काम लगे भारी भरकम वाहन भी धंस रहे हैं. ऐसा ही एक मामला आज रविवार 19 अप्रैल को फिर सामने आया, जहां उसकी भारी-भरकम क्रेम दलदल में 2 फुट से ज्यादा धंस गई, जिसे कई अन्य मशीनों की मदद से बाहर निकाला जा सका.उल्लेखनीय है कि एक दिन पहले भी कोचिंग डिपो के सामने एक डम्पर मलबे में धंस गया था, जिसे भी बमुश्किल निकाला जा सका। लगातार दो दिनों से घट रही घटना से इसलिए कोई बड़ा हादसा नहीं हो सका कि इस रोड को पूरी तरह से बंद करके रखा गया है।
आम लोगों की परेशानी से जिम्मेदारों को सरोकार नहीं
इस रोड को बंद हुए लगभग 2 माह हो रहे हैं, लेकिन काम की गति इतनी सुस्त है कि यह मार्ग कब खुलेगा, यह जिम्मेदार भी ठीक से नहीं बता पा रहे हैं. भले ही रोजाना इस मार्ग का उपयोग करने वाले हजारों-लाखों लोग परेशान हों, उन्हें कई किलोमीटर का चक्कर लगाकर आना-जाना करना पड़ रहा हो, इससे जिम्मेदारों को कोई सरोकार नहीं रह गया है। रेल कर्मचारी भी ड्यूटी आने-जाने में परेशान हैं, किंतु उनकी भी सुनवाई नहीं हो रही है.
रेलवे ने दिया था 15 दिन का समय
रेलवे के कोचिंग डिपो से पुल नंबर 1 तक का काम 15 दिन के अंदर पूरा करने का आश्वासन संबंधित कंपनी के ठेकेदार ने रेल अधिकारियों के साथ मीटिंग में दिया था, किंतु उक्त समयावधि भी दो-तीन दिन में समाप्त हो रही है, लेकिन जिस प्रकार का काम चल रहा है, उसमें भी अभी 10 दिन का वक्त और लगने की संभावना व्यक्त की जा रही है.
