जबलपुर। जबलपुर में भीषण गर्मी का प्रकोप शुरू हो गया है और चार साल के अंतराल के बाद अप्रैल महीने में पारा अपने उच्चतम स्तर की ओर अग्रसर है। वर्तमान मौसम चक्र के अनुसार शहर में सूर्य की तपिश और लू के थपेड़ों ने जनजीवन को प्रभावित करना शुरू कर दिया है। रविवार को दर्ज किए गए आंकड़ों ने पिछले कुछ वर्षों के रिकॉर्ड के करीब पहुंच कर चिंता बढ़ा दी है।
-हर घण्टे बढ़ता रहा तापमान
शहर में दिन के समय गर्मी का प्रभाव हर बीतते घंटे के साथ तीव्र होता जा रहा है। पिछले वर्ष अप्रैल के दौरान रुक-रुक कर हुई वर्षा ने वातावरण में ठंडक बनाए रखी थी, लेकिन इस वर्ष स्थिति इसके विपरीत है। रविवार को शहर का अधिकतम तापमान 43.5 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो इस चालू सीजन का अब तक का सबसे अधिक तापमान है। इससे पूर्व पारा दो बार 42 डिग्री सेल्सियस की सीमा को पार कर चुका है। ऐतिहासिक आंकड़ों पर दृष्टि डालें तो वर्ष 2022 में 30 अप्रैल को पारा 43.9 डिग्री तक गया था, जबकि वर्ष 2019 में इसी तिथि को तापमान 44.2 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया था।
- शाम को उमस ने किया बेहाल
दोपहर के समय यानी पीक आवर्स में गर्मी का अहसास वास्तविक तापमान से कहीं अधिक हो रहा है। वायुमंडल में आर्द्रता और बादलों की मौजूदगी के कारण लोगों को 44 डिग्री सेल्सियस से अधिक की तपन महसूस हो रही है। शाम के समय आसमान में हल्के बादलों की सक्रियता देखी गई, लेकिन इसने राहत देने के बजाय लू जैसी गर्म हवाओं के साथ मिलकर बेचैनी और बढ़ा दी। मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि बादलों के छाए रहने से विकिरण वापस नहीं जा पा रहा है, जिससे आने वाले दिनों में तापमान कम होने की कोई संभावना नहीं दिख रही है।
-आने वाले दिनों में लू की चेतावनी
विशेषज्ञों ने संकेत दिए हैं कि आने वाले समय में गर्मी के तेवर और कड़े होंगे। उत्तर भारत की ओर से आने वाली शुष्क और गर्म हवाएं शहर की तपन में और इजाफा करेंगी। हालांकि बीच में कुछ समय के लिए पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से मौसम के मिजाज में आंशिक बदलाव आ सकता है, लेकिन यह राहत अल्पकालिक होगी। इसके पश्चात पुनः गर्म हवाओं का दौर शुरू होगा, जिससे लू चलने की स्थितियां निर्मित होंगी। अगले 24 घंटों के दौरान मौसम के पूरी तरह शुष्क रहने का अनुमान है, जिससे रात के तापमान में भी सामान्य से अधिक बढ़ोतरी दर्ज की जा सकती है।
-पिछले हफ्ते ऐसी रही पारे की चाल
पिछले एक सप्ताह के दौरान तापमान में क्रमिक वृद्धि देखी गई है। 23 अप्रैल को पारा 41.6 डिग्री सेल्सियस था, जो 24 अप्रैल को बढ़कर 42 डिग्री पर पहुंच गया। इसके अगले दिन यानी 25 अप्रैल को यह 42.6 डिग्री रिकॉर्ड किया गया और अंततः 26 अप्रैल को इसने 43.5 डिग्री सेल्सियस के स्तर को छू लिया। यदि बीते वर्षों की तुलना करें तो वर्तमान स्थितियां वर्ष 2019 और 2022 के भीषण गर्मी वाले दौर की याद दिला रही हैं। इस वर्ष कम वर्षा की संभावना के चलते भी लू का प्रकोप लंबा खिंचने के आसार नजर आ रहे हैं।
