जबलपुर। सतपुला के पास सोमवार की शाम बैटरी से चलने वाले ई-रिक्शा की टक्कर से ओएफके से रिटायर हुए वयोवृद्ध की मौत हो गई। दुर्घटना के बाद उन्हें निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था, लेकिन वहां इनकी जान नहीं बचाई जा सकी। पुलिस ने शव पीएम के लिए भेज दिया। घमापुर पुलिस इने बताया कि लालमाटी, सिद्धबाबा रोड निवासी प्रियांशी सिंह ने सूचना दी थी कि उसके नाना श्रीरामपाल सिंह्र (71) खमरिया फैक्ट्री से रिटायर्ड हैं। नाना अपने साथी के साथ हमेशा सतपुला तरफ टहलने जाते थे। सेामवार शाम लगभग 4-30 बजे अपने साथी मदन शर्मा और रामनरेश सिंह के साथ टहलने गये थे। टहलकर वापस आ रहे थे। जैसे ही सतपुला के पास पहुंचे, उसी समय सफेद रंग के बैटरी वाले आटो का चालक ने उसके नाना को टक्कर मार दिया। इससे नाना रोड़ में गिर गये थे, जिन्हें उपचार हेतु औमेगा हैदराबाद अस्पताल में भर्ती कराया था, जहां दौरान उपचार के शाम लगभग 6-45 बजे नाना रामपाल सिंह की मृत्यु हो गयी। सूचना पर मर्ग कायम कर जांच में लिया।
जबलपुर। सतपुला के पास सोमवार की शाम बैटरी से चलने वाले ई-रिक्शा की टक्कर से ओएफके से रिटायर हुए वयोवृद्ध की मौत हो गई। दुर्घटना के बाद उन्हें निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था, लेकिन वहां इनकी जान नहीं बचाई जा सकी। पुलिस ने शव पीएम के लिए भेज दिया। घमापुर पुलिस इने बताया कि लालमाटी, सिद्धबाबा रोड निवासी प्रियांशी सिंह ने सूचना दी थी कि उसके नाना श्रीरामपाल सिंह्र (71) खमरिया फैक्ट्री से रिटायर्ड हैं। नाना अपने साथी के साथ हमेशा सतपुला तरफ टहलने जाते थे। सेामवार शाम लगभग 4-30 बजे अपने साथी मदन शर्मा और रामनरेश सिंह के साथ टहलने गये थे। टहलकर वापस आ रहे थे। जैसे ही सतपुला के पास पहुंचे, उसी समय सफेद रंग के बैटरी वाले आटो का चालक ने उसके नाना को टक्कर मार दिया। इससे नाना रोड़ में गिर गये थे, जिन्हें उपचार हेतु औमेगा हैदराबाद अस्पताल में भर्ती कराया था, जहां दौरान उपचार के शाम लगभग 6-45 बजे नाना रामपाल सिंह की मृत्यु हो गयी। सूचना पर मर्ग कायम कर जांच में लिया।
