जबलपुर. नर्मदा नदी पर जबलपुर के बरगी बांध में डूबे युवक का शव दो दिन बाद शुक्रवार 6 मार्च की सुबह बरामद किया गया। बरगी नगर जैन मंदिर के पास रहने वाला शैलेष नेमा (27) बुधवार को होली खेलने के बाद दोस्तों के साथ डेम में नहाने गया था, जहां गहरे पानी में जाने से वह डूब गया।
बरगी नगर पुलिस की मौजूदगी में गोताखोरों ने शुक्रवार सुबह करीब साढ़े 8 बजे शव को बाहर निकाला। इसके बाद पुलिस ने पंचनामा कार्रवाई कर शव को पोस्टमार्टम के लिए मेडिकल कॉलेज भेज दिया और मामले की जांच शुरू कर दी है।
होली खेलने के बाद साथियों के साथ डेम पहुंचा
शैलेष नेमा बुधवार सुबह करीब 11 बजे घर से निकला था। वह दोस्तों रोहन कोइराला और सागर के साथ बरगी नगर में होली खेल रहा था। इसके बाद तीनों बरगी नगर चौक में बैठे और वहीं से डेम में नहाने जाने का प्लान बना। तीनों युवक बाइक से बरगी डेम के जीरो पॉइंट पहुंचे और वहां पानी में उतर गए।
गहरे पानी में जाने से डूबा युवक
रोहन कोइराला के अनुसार वह डेम किनारे बैठा हुआ था। इसी दौरान शैलेष पानी में चला गया और अचानक उसकी आवाज आई रोहन बचाओ। शुरुआत में उसे लगा कि वह मजाक कर रहा है, क्योंकि शैलेष को तैरना आता था। कुछ ही देर में वह गहरे पानी में चला गया और डूबने लगा।
बचाने की कोशिश में एक युवक 10 मिनट तक पकड़कर रहा
रोहन के मुताबिक उसने डेम के ऊपर जाकर मदद मांगी। पास में मौजूद एक युवक ने पानी में उतरकर शैलेष को बचाने की कोशिश की और करीब 10 मिनट तक उसे पकड़कर रखा। थक जाने के कारण उसने शैलेष को छोड़ दिया, जिसके बाद वह गहरे पानी में डूब गया। रोहन ने पुलिस को बताया कि उसे तैरना नहीं आता था, इसलिए वह पानी में नहीं उतर सका।
चेतावनी के बावजूद उतरे थे पानी में
पुलिस के अनुसार तीनों युवक डेम के उस जीरो पॉइंट तक पहुंचे थे, जहां डेम प्रबंधन ने गेट पार न करने की चेतावनी दी हुई है। इसके बावजूद वे करीब 40 फीट आगे जाकर पानी में उतर गए थे। डेम प्रबंधन ने पहले से ही इस क्षेत्र में अधिक गहराई होने के कारण वहां जाने से मना किया हुआ है। पुलिस ने दोनों दोस्तों के बयान दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
