जबलपुर। वेस्ट सेंट्रल रेलवे मजदूर संघ ने रेल प्रशासन द्वारा खिलाड़ियों की मांगों को लगातार नजरअंदाज करने के खिलाफ आंदोलन का बिगुल फूंक दिया है। संघ ने आगामी 11 फरवरी 2026 को महाप्रबंधक कार्यालय का घेराव करने और एक दिवसीय धरना प्रदर्शन करने का निर्णय लिया है। संघ का आरोप है कि प्रशासन के नकारात्मक रवैये के कारण रेल खेल गतिविधियां लगभग ठप होने की कगार पर हैं।
प्रशासन के नकारात्मक रवैये से खिलाड़ियों में रोष
संघ के महामंत्री अशोक शर्मा ने बताया कि एक तरफ सरकार खेल कूद को बढ़ावा देने की बात करती है, वहीं दूसरी तरफ पश्चिम मध्य रेल में खिलाड़ियों को बुनियादी सुविधाएं तक नहीं मिल रही हैं। खिलाड़ियों को विभिन्न स्पर्धाओं में भाग लेने के लिए ड्यूटी से समय पर मुक्त नहीं किया जाता, जिससे वे नियमित अभ्यास से वंचित रह जाते हैं। विशेष रूप से भंडार विभाग के प्रशासन पर अन्यायपूर्ण रवैये का आरोप लगाया गया है, जहाँ खिलाड़ियों को टूर्नामेंट के लिए भेजने से मना करने के कारण टीमें टूट रही हैं और रेलवे की छवि धूमिल हो रही है। संघ के प्रवक्ता सतीश कुमार के अनुसार, अपनी जायज मांगों को लेकर 11 फरवरी को मंडल अध्यक्ष एस.एन. शुक्ला और अन्य पदाधिकारियों के नेतृत्व में बड़ी संख्या में कर्मचारी और खिलाड़ी इस प्रदर्शन का हिस्सा बनेंगे।
उपलब्धियों के बावजूद सुविधाओं का अभाव
पत्र में उल्लेख किया गया है कि विपरीत परिस्थितियों के बावजूद रेल खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन किया है। पिछले माह श्रीधाम में आयोजित प्रतियोगिता में वॉलीबॉल खिलाड़ियों ने अपनी छुट्टी लेकर भाग लिया और खिताब जीतकर पश्चिम मध्य रेल का नाम रोशन किया। इसी तरह गुवाहाटी में आयोजित ऑल इंडिया इंटर रेलवे बास्केटबॉल टूर्नामेंट में भी टीम ने दूसरा स्थान प्राप्त किया। इन उपलब्धियों के बाद भी खिलाड़ियों को आउट ऑफ टर्न प्रमोशन, नियुक्ति और उचित अभ्यास समय जैसी लंबित मांगों के लिए संघर्ष करना पड़ रहा है।
