जबलपुर। जिले की पाटन विधानसभा के अंतर्गत आने वाली ग्राम पंचायत देवरी पीपल रजवाई में शमशान घाट (मुक्तिधाम) की जमीन पर कब्जे को लेकर विवाद गहरा गया है। ग्रामीणों ने वर्तमान सरपंच पर दबंगई और अतिक्रमण के गंभीर आरोप लगाते हुए आगामी 26 जनवरी को होने वाले राष्ट्रीय पर्व के सामूहिक बहिष्कार का ऐलान किया है। ग्रामीणों द्वारा जिला प्रशासन को दी गई शिकायत के अनुसार, सरपंच गजराज सिंह मुक्तिधाम की आरक्षित भूमि पर अवैध निर्माण और कब्जा कर रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि कब्रिस्तान क्षेत्र में जेसीबी से नाली की खुदाई के दौरान जमीन के भीतर से बच्चों के अवशेष (अस्थियां) निकल रहे हैं, जो बेहद विचलित करने वाला है। इसके बावजूद सरपंच ने खुदाई कार्य नहीं रोका, जिससे पूरे गांव में भारी आक्रोश व्याप्त है।
पटवारी को नपाई करने से रोका गया
विवाद इतना बढ़ गया है कि ग्रामीणों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि प्रशासन ने तुरंत जमीन को कब्जा मुक्त नहीं कराया, तो वे गणतंत्र दिवस के किसी भी शासकीय कार्यक्रम में हिस्सा नहीं लेंगे। ग्रामीणों की मांग है कि 26 जनवरी को झंडा वंदन के लिए सरपंच को मुख्य अतिथि न बनाया जाए, बल्कि उनकी जगह किसी अन्य गणमान्य व्यक्ति को यह अवसर दिया जाए। ग्रामीणों का कहना है कि वे इस बार गांव में काला उत्सव मनाने को मजबूर होंगे। इस मामले में तहसीलदार और पुलिस प्रशासन की टीम ने भी संज्ञान लिया है। तहसीलदार के अनुसार, मौके की जांच और जमीन की नाप-जोख के लिए पटवारी को भेजा गया था, लेकिन वहां उनके साथ भी अभद्रता की गई। वहीं, एसपी सूर्यकांत शर्मा ने बताया कि ग्रामीणों और सरपंच पक्ष के बीच मारपीट की खबरें भी सामने आई हैं, जिसके बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। गांव के बुजुर्गों ने प्रशासन से न्याय की गुहार लगाते हुए जल्द से जल्द मुक्तिधाम को मुक्त कराने की मांग की है।
