सैलेरी में कमीशन नहीं देने का मामला
जबलपुर। नेताजी सुभाषचंद्र बोस मेडिकल कॉलेज अस्पताल में ठेका कर्मचारियों का जमकर शोषण किया जा रहा है। यह शोषण कोई और नहीं बल्कि उनके ही कंपनी के शीर्ष अफसर कर रहे हैं। ऐसा एक वीडियो सामने आया है, जिसमें एक प्रताड़ित ठेका कर्मचारी सामने आई है। इस कर्मचारी ने कंपनी की पोल खोल दी है कि किस तरह से उन्हें परेशान किया जा रहा है। ऐसे हालात में मेडिकल की व्यवस्थाएं प्रभावित हो रही हैं।
नेताजी सुभाषचंद्र बोस मेडिकल कॉलेज इन दिनों नए नए कारनामों से चर्चा में है। पहले खून की दलाली और उसके बाद ठेका कर्मी का डॉक्टर बन मरीजों के इलाज का मामला हो। वहीं, अब कर्मचारी की सैलरी में कमीशन के खेल का मामला सामने आया है।
नेताजी सुभाषचंद्र बोस मेडिकल कॉलेज में यूडीएस कंपनी के ठेके में काम करने वाली महिला कर्मचारी को सुपरवाइजर प्रीति और सरिता नामक महिला प्रताड़ित कर रही है। पीड़ित महिला कर्मचारी को प्रताड़ित सिर्फ इसलिए किया जा रहा है कि सुपरवाइजर प्रीति और सरिता के द्वारा सैलरी में कमीशन की मांग की गई थी। जब पीड़ित महिला कर्मचारी ने कमीशन देने से मना किया तो दोनों सुपरवाइजर ने महिला कर्मचारी पर कुछ न कुछ आरोप लगाकर उसकी ड्यूटी इधर-उधर शिफ्ट कर दी। पीड़ित महिला कर्मचारी ने वीडियो में बताया कि दोनों सुपरवाइजर झूठे आरोप लगाकर उसे नौकरी से निकालना चाहती है। दोनों का कहना है कि उन्हें खर्चा-पानी दिया जाएगा तो वह आराम से ड्यूटी कर सकती है। वही पीड़िता ने बताया कि उसने कंपनी के अधिकारियों से लेकर सभी जगह मदद की गुहार लगाई, लेकिन उसकी कोई सुनवाई नहीं हुई है।