जबलपुर। नए नर्मदा जल परियोजना (अमृत फेज-2) के तहत पाइपलाइन बिछाने का काम शुरू होते ही गौरीघाट मार्ग पर भीषण जाम की स्थिति बन गई है। दो दिन पहले नगर निगम द्वारा एक तरफ की सड़क बंद कर डायवर्ट किया गया है, जिससे रोजाना हजारों वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।एक तरफ सड़क खोदकर पाइपलाइन डाली जा रही है, वहीं दूसरी ओर से दोतरफा ट्रैफिक निकालने की मजबूरी के कारण दोपहर से देर शाम तक लंबी लाइनें लग रही हैं। गौरीघाट और आसपास की लगभग डेढ़ दर्जन कालोनियों के लोगों को रोजाना जाम से जूझना पड़ रहा है।
-बिना योजना किया जा रहा काम
स्थानीय निवासियों का कहना है कि कार्य एजेंसी ने सड़क के हालात और ट्रैफिक दबाव को ध्यान में रखे बिना खुदाई शुरू कर दी। गौरीघाट से रामपुर चैक तक का मार्ग शहर के सबसे व्यस्त मार्गों में गिना जाता है, जहां से प्रतिदिन भारी वाहन, स्कूली बसें और अॉफिस रूट के वाहन गुजरते हैं। ऐसे में एक तरफ सड़क बंद होने से स्थिति और खराब हो गई है।
-दो बार सड़क खोलीदृबंद की गई
लोगों ने बताया कि शुक्रवार सुबह रोड बंद कर दी गई, फिर कुछ देर बाद आंशिक रूप से खोली गई और शाम होते-होते फिर से बंद कर दी गई। इस तरह के असमंजसपूर्ण निर्णयों से अव्यवस्था और बढ़ गई है। ट्रैफिक पुलिस भी मौके पर जूझती नजर आई लेकिन भीड़ नियंत्रित नहीं हो सकी।
-कई कालोनियों की आवाजाही ठप
रामपुर, गंगानगर, गौरिघाट, शिवनगर, मधुवन, पुष्पराज कॉलोनी समेत कई क्षेत्र के लोग नौकरी, स्कूल और बाजार जाने में घंटों देर से पहुंच रहे हैं। सड़क के दोनों ओर पार्किंग और कई जगहों पर अतिक्रमण की वजह से हालात और बदतर हो गए हैं। निवासियों का कहना है कि बिना वैकल्पिक मार्ग और ट्रैफिक प्लान बनाए सड़क खोदने से जनता को अनावश्यक मुसीबत झेलनी पड़ रही है। उन्होंने नगर निगम और ट्रैफिक विभाग से मांग की कि या तो काम की गति बढ़ाई जाए या कुछ दिनों के लिए वैकल्पिक मार्ग तैयार कर दिया जाए। अधिकारियों का कहना है कि गौरीघाट मार्ग का कार्य जल्दी पूरा करने का प्रयास किया जा रहा है।
-कैसी है ये परियोजना
-40 एमएलडी की क्षमता वाले पाइपलाइन नेटवर्क का निर्माण
-261 किलोमीटर पाइपलाइनों का काम
-55 ओवरहेड टैंक और फिल्टर प्लांट का निर्माण
जारी है।
