12 वीं पास शातिर ठगों को बंटा था काम, मध्यप्रदेश, दिल्ली, महाराष्ट्र, बंगाल और उप्र से 6 आरोपी गिरफ्तार
जबलपुर। फर्जी एपीके फाइल के जरिये मोबाइल हैक कर धोखाधड़ी करने वाले 6 अंतरराज्यीय साइबर अपराधी मध्यप्रदेश, दिल्ली, महाराष्ट्र, पश्चिम बंगाल और उत्तरप्रदेश से गिरफ्तार किए गए हैं। ये सभी ऑपरेशन साइबर शील्ड के अंतर्गत देश भर में फैले साइबर अपराधियों के एक नेटवर्क का हिस्सा थे। पुलिस की गिरफ्त में आए शातिर ठगों से जानकारी मिली कि ये सभी 12 वीं पास हैं, जो ठगी करने में उस्ताद हैं।
ये गिरोह धोखाधड़ी के लिए वॉट्सएप पर फर्जी RTOechallan.apk, PMkisanyojna.apk बनाने वालों के साथ ठगी में इस्तेमाल खातों का लेन देन करते रहे। इन गिरफ्तार आरोपियों द्वारा RTO E-चालान, इंश्योरेंस, PM किसान योजना, सभी बड़े बैंक, आयुष्मान कार्ड, PM आवास योजना आदि नाम से फर्जी APK बनाए जाने के साक्ष्य मिले हैं।
धर्मजीत सिंह, पुणे महाराष्ट्र के द्वारा फर्जी APK (एंड्रॉइड पैकेज किट) को मेलेशियस कोड एम्बेड कर मोबाइल को हैक करने के उद्देश्य से बनाया गया। इसमें साइबर ठग नकली एंड्रॉइड ऐप का उपयोग करके लोगों की व्यक्तिगत और वित्तीय जानकारी चुराते थे।
फर्जी APK क्लिक करने से यह डाउनलोड हो जाता इनस्टॉल करते ही मोबाइल हैक हो जाता है। ऐसे में मोबाइल की सभी जानकारी एवं कंट्रोल हैकर के पास चला जाता है। कंट्रोल मिलते ही हैकर पीड़ित के मोबाइल में दर्ज बैंकिंग जानकारी को प्राप्त कर राशि आहरण कर लेता है ।
साइबर अपराधियों सौरभ कुमार एवं आलोक के द्वारा मोबाइल हैक करने के पश्चात राशि को म्युल एकाउंट्स में प्राप्त कर चांद मोहमद के माध्यम से एटीएम इरफान अंसारी आसनसोल के पास भेजकर राशि आहरित करा लिया जाता है।
रेंज साइबर पुलिस ने विवेचना सर्विलांस से तकनीकी विश्लेषण कर सभी आरोपियों की पहचान की गई। आरोपी दिल्ली, उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र, पश्चिम बंगाल और मध्य प्रदेश के अलग अलग स्थानों से ठगी कर रहे थे। योजनाबद्ध तरीके से एक एक कर सभी स्थानों में रेड कर सौरव कुमार, आलोक कुमार, चांद बाबू, धर्मजीत सिंह, इमरान अंसारी और मारूफ अंसारी को गिरफ्तार किया है।
गिरफ्तार आरोपी:
- सौरव कुमार चौधरी, बौसी, बिहार
(अपराध में भूमिका- फर्जी कंपनी बनाकर बैंक खाता खुलवाने का कार्यए शिक्षा 12 वीं, ड्राइ फ्रूट सेल्समैन)
- आलोक कुमार सिंह, नगलोई, दिल्ली
(अपराध में भूमिका- म्यूल बैंक खाता संकलन कर अन्य आरोपियों को म्यूल अकाउंट बिक्री करनाए शिक्षा 12 वीं, कार्य सेल्समैन)
- चांदबाबू गनी, शिवपुरी, मध्यप्रदेश
(अपराध में भूमिका- ठगी से प्राप्त राशि को बैंक खाता से आहरण कर रकम उधर उधर करनाए शिक्षा 12 वीं)
- धर्मजीत सिंह, पुणे, महाराष्ट्र
(अपराध में भूमिका- एपीके फाइल बना कर अन्य लोगों को बिक्री करने वाला हैकर शिक्षा 12 वीं)
- मोहम्मद इरफान अंसारी, आसनसोल, पश्चिम बंगाल
(अपराध में भूमिका- एपीके फाइल को पीड़ितों को व्हाट्सएप में भेजने का कार्यए शिक्षा 12 वीं, मोबाइल दुकान ओनर)
- मारूफ सिद्दीकी अंसारी, ठाणे, महाराष्ट्र
(अपराध में भूमिका- म्यूल बैंक खाता संकलन कर अन्य आरोपियों को म्यूल अकाउंट बिक्री करना, शिक्षा 12 वीं, कार्य पैकर्स एंड मूवर्स)
